

Sakinaka Manhole Accident 60 Year Old Man Dies: मुंबई के साकीनाका इलाके में हुए भयावह हादसे का अंत एक बेहद दुखद खबर के साथ हुआ है। साकीनाका के खैरानी रोड पर एक खुले मैनहोल में गिरे 60 वर्षीय असलम इसाक शेख का शव करीब साढ़े तीन घंटे के रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद बरामद कर लिया गया है। यह घटना मुंबई में मानसून की शुरुआत के साथ ही नागरिक सुरक्षा और बुनियादी ढांचे की जर्जर स्थिति पर एक बार फिर गंभीर सवालिया निशान खड़ा कर रही है।
यादव नगर, साकीनाका के निवासी असलम शेख गुरुवार को खैरानी रोड पर स्थित सम्मान होटल के पास से गुजर रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस रिपोर्ट के अनुसार, वह चलते समय अपने मोबाइल फोन पर बात करने में काफी मग्न थे। इसी असावधानी के कारण उनका ध्यान सड़क पर खुले हुए मौत के गड्ढे की ओर नहीं गया और वह सीधे करीब 20 से 25 फीट गहरे मैनहोल में जा गिरे। यह गड्ढा इतना गहरा था कि इसमें सामान्य कद के तीन लोग समा सकते हैं।
मुंबई फायर ब्रिगेड को घटना की सूचना दोपहर करीब 12:35 बजे मिली, जिसके बाद रेस्क्यू टीम 12:45 बजे मौके पर पहुंच गया। भारी बारिश और सीवर लाइन में पानी के वेग के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में काफी बाधाएं आईं। गोताखोरों और दमकल कर्मियों को तलाशी के दौरान सबसे पहले असलम का छाता और उनकी चप्पलें बरामद हुईं, जिससे उनके उसी मैनहोल में गिरने की पुष्टि हुई। पानी के तेज बहाव को देखते हुए बचाव दल ने घटनास्थल से लगभग 100 फीट की दूरी पर स्थित दूसरे मैनहोल को खोला, जहां असलम का शव फंसा हुआ मिला। दमकल कर्मियों ने हारनेस और विशेष उपकरणों की मदद से शव को बाहर निकालकर अस्पताल भेजा।
इस हादसे ने बीएमसी और निजी ठेकेदारों की कार्यप्रणाली को कठघरे में खड़ा कर दिया है। जिस स्थान पर यह हादसा हुआ, वहाँ एक निजी ठेकेदार द्वारा ड्रेनेज ग्रिल की मरम्मत का काम किया जा रहा था, जिसके लिए मैनहोल का ढक्कन हटाया गया था। पूर्व मेयर किशोरी पेडणेकर और स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि घटनास्थल पर सुरक्षा के लिए न तो कोई बैरिकेडिंग की गई थी और न ही कोई वार्निंग साइन लगाया गया था। यहां तक कि वहां किसी कर्मचारी को तैनात भी नहीं किया गया था जो राहगीरों को खतरे के प्रति सचेत कर सके।
स्थानीय पालिका अधिकारियों के अनुसार, मानसून के दौरान किसी भी मैनहोल को न खोलने की सख्त हिदायत के बावजूद ठेकेदार ने यह लापरवाही बरती। उपमहापौर संजय घाडी और स्थानीय विधायक दिलीप लांडे ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। प्रशासन ने अब इस मामले की गहन जांच के आदेश दिए हैं और संबंधित निजी ठेकेदार के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह दुखद घटना एक चेतावनी है कि जहां एक ओर नागरिकों को सड़क पर चलते समय सावधानी बरतने की जरूरत है, वहीं प्रशासन की ढिलाई किसी मासूम की जान के लिए काल बन सकती है।