

Mumbai Patriotic Event: देशभक्ति, भारतीय संस्कृति और सैनिकों के प्रति सम्मान का अद्भुत संगम मुंबई में देखने को मिला। आर्मी ब्रैट अंजली साखरे की संकल्पना और ASVFI Foundation तथा Valiant Fame Icon (VFI) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित ‘इंडियन वॉक फॉर नेशन 3.0’ ने एक नई मिसाल कायम की। World Record of Excellence, England के विश्व रिकॉर्ड प्रयास के तहत आयोजित इस Heritage, Cultural & Patriotic Runway में 4 साल के बच्चों से लेकर 94 वर्ष तक के वरिष्ठ नागरिकों ने हिस्सा लेकर देशभक्ति की अनूठी मानवंदना पेश की।
लोकशाहीर अण्णाभाऊ साठे सभागृह में आयोजित इस कार्यक्रम में 100 से अधिक नागरिकों ने भारतीय परंपरा, विभिन्न राज्यों की संस्कृति और राष्ट्रप्रेम को रनवे के माध्यम से जीवंत किया। यह आयोजन महज फैशन रनवे नहीं था, बल्कि भारतीय विरासत, राष्ट्रीय एकता और वीर जवानों के प्रति कृतज्ञता का भावपूर्ण प्रदर्शन बन गया।
कार्यक्रम का सबसे भावुक और प्रभावशाली क्षण जिला सूचना अधिकारी मनोज सुमन शिवाजी सानप का एकपात्री प्रयोग ‘शहीद कैप्टन विनायक गोरे’ रहा। उन्होंने अपने अभिनय के माध्यम से शहीद जवानों के बलिदान, वीरमाता-वीरपिताओं की पीड़ा और सशस्त्र सेना ध्वजदिन निधि के महत्व को प्रभावी ढंग से सामने रखा। उनके प्रस्तुतीकरण ने सभागृह में मौजूद लोगों को भावुक कर दिया और सैनिक परिवारों के साथ खड़े होने का संदेश दिया।
जिला सैनिक कल्याण कार्यालय के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में सशस्त्र सेना ध्वजदिन निधि के लिए 1,00,001 रुपये की देणगी देने की घोषणा की गई। आयोजकों ने कहा कि सैनिकों के बलिदान की भरपाई संभव नहीं, लेकिन उनके परिवारों के साथ खड़ा होना हर नागरिक का राष्ट्रीय दायित्व है। इस ऐतिहासिक रनवे में मेजर प्रांजल जाधव, ब्रिगेडियर सुशील भसीन, ब्रिगेडियर उदयकुमार देशमुख, कर्नल तुषार जोशी, ले. कर्नल नीता चव्हाण सहित अनेक सैन्य अधिकारी, पूर्व सैनिक और नागरिक शामिल हुए।
कार्यक्रम की उपलब्धि को देखते हुए World Record of Excellence, England के उपाध्यक्ष संजय पंजवानी ने आयोजकों को Provisional World Record Certificate प्रदान किया। आयोजकों के अनुसार यह प्रमाणपत्र भारतीय संस्कृति, देशभक्ति और सामाजिक जिम्मेदारी को वैश्विक मंच तक पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। आर्मी ब्रैट अंजली साखरे ने कहा, “सैनिकों के बलिदान की कीमत कभी चुकाई नहीं जा सकती, लेकिन उनके परिवारों के साथ खड़ा होना हर भारतीय का कर्तव्य है।” ‘इंडियन वॉक फॉर नेशन 3.0’ ने इसी भावना को एक मंच पर साकार किया।