Mumbai में फर्जी जन्म प्रमाणपत्र रैकेट भंडाफोड़! 367 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज

Mumbai News: मुलुंड पुलिस ने फर्जी जन्म प्रमाणपत्र रैकेट का भंडाफोड़ किया है, जिसमें नजमा खातून सहित कई आरोपी गिरफ्तार हुए हैं। भाजपा नेता किरीट सोमैया ने 367 लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है।
Fake Birth Certificate
फर्जी जन्म प्रमाणपत्र (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Mumbai Fake Birth Certificate Scam: मुंबई में फर्जी दस्तावेजों के सहारे जन्म प्रमाणपत्र हासिल करने के बड़े घोटाले का खुलासा हुआ है। मुलुंड पुलिस स्टेशन ने नजमा खातून, अशरफ अखबर खान, मोहम्मद अउसफ सिद्दीकी, गौसिया परवीन शेख समेत कई अन्य आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। प्रशासन में हड़कंप इसलिए है, क्योंकि जन्म प्रमाणपत्र पहचान और नागरिकता से जुड़े सबसे महत्वपूर्ण दस्तावेजों में से एक माना जाता है।

मुलुंड पुलिस पुलिस के अनुसार, इन आरोपियों ने जन्म प्रमाणपत्र प्राप्त करने के लिए जाली और फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल किया। इस खुलासे के बाद प्रशासन में हड़कंप मचा है। मुलुंड पुलिस ने यह मामला भारतीय न्याय संहिता (BNS) की गंभीर धाराओं 336(3), 340(2), 318(4), 3(5) के तहत दर्ज किया है। इसके अलावा, यह मामला जन्म पंजीकरण अधिनियम की धारा 23 के तहत भी दर्ज किया गया है। इन धाराओं में सरकारी रिकॉर्ड में गलत जानकारी देना, धोखाधड़ी और फर्जी दस्तावेज बनाना जैसे अपराध शामिल हैं।

पूर्व सांसद किरीट सोमैया ने दर्ज कराई शिकायत

महाराष्ट्र भाजपा नेता और पूर्व सांसद किरीट सोमैया ने इस मामले को उजागर करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सोमैया ने इस घोटाले को लेकर पुलिस में 367 लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। उनका दावा है कि कई लोग अलग-अलग इलाकों में फर्जी दस्तावेज जमा कर जन्म प्रमाणपत्र बनवा रहे हैं। उनका यह भी दावा है कि इन फर्जी प्रमाणपत्रों के आधार पर लोग आगे चलकर अपनी नागरिकता साबित करने का प्रयास कर रहे हैं। किरीट सोमैया ने यह दावा भी किया है कि फेक बर्थ सर्टिफिकेट बनाने वाला यह गिरोह केवल मुंबई तक सीमित नहीं है, बल्कि कई राज्यों में सक्रिय है।

पुलिस ने संबंधित विभागों और नगरपालिका मांगे रिकॉर्ड

इस मामले के सामने आने के बाद पुलिस अब प्राप्त हुए दस्तावेजों और आवेदन पत्रों की गहन जांच कर रही है। शुरुआती जांच में यह जानकारी सामने आई है कि आरोपी अलग-अलग नामों, पतों और फर्जी प्रमाणों का इस्तेमाल कर जन्म प्रमाणपत्र प्राप्त करने का प्रयास कर रहे थे। जांच को आगे बढ़ाने के लिए पुलिस ने संबंधित विभागों और नगरपालिका अधिकारियों से भी रिकॉर्ड तलब किए हैं।

अन्य जिलों में सतर्कता बढ़ी

इस मामले के सामने आने के बाद अन्य जिलों में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है। जन्म प्रमाणपत्र जारी करने की प्रक्रियाओं की गहन समीक्षा की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, और भी कई नाम सामने आ सकते हैं।

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