

Mumbai BMC Monsoon Preparation News: आगामी मानसून को देखते हुए मुंबई में जलभराव और बाढ़ की संभावित स्थिति से निपटने के लिए बीएमसी ने तैयारियां तेज कर दी है। स्थायी समिति अध्यक्ष प्रभाकर शिंदे ने मिठी नदी, प्रमुख नालों और रेलवे कल्वों की सफाई का काम युद्ध स्तर पर पूरा करने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने स्पष्ट कहा है कि नालों की जल वहन क्षमता बढ़ाने, प्रवाह में बाधा बनने वाली संरचनाओं को हटाने और सभी सफाई कार्य 3 जून 2026 से पहले पूर्ण करने को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। सोमवार को प्रभाकर शिंदे के नेतृत्व में स्थायी समिति के सदस्यों ने पूर्वी उपनगरों में चल रहे गाद निकासी और सफाई कार्यों का निरीक्षण किया।
इस दौरान कुर्ला (पूर्व) स्थित मध्य एवं हार्बर रेलवे कल्वर्ट, बांद्रा- कुर्ला कॉम्प्लेक्स के पास मिठी नदी, तिलक नगर-चेंबूर रेलवे स्टेशन कल्वर्ट, सुभाष नगर नाला, डेमोग्राफिक नाला, टेलिकॉम नाला और मानखुर्द नाला सहित कई संवेदनशील स्थलों का दौरा किया गया, अधिकारियों को मौके पर आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए। निरीक्षण के दौरान प्रभाकर शिंदे ने कहा कि मिठी नदी में जमा गाद को बड़े पैमाने पर हटाना बाढ़ की स्थिति को रोकने का सबसे प्रभावी उपाय है। इसके लिए अतिरिक्त मशीनरी और मानव बल तैनात कर कार्यों में तेजी लाई जानी चाहिए, नालों में जमा तैस्ता कचरा हटाने, उनकी गहराई बढ़ाने और प्राकृतिक प्रवाह को बाधारहित बनाए रखने पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है।
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि नाली की जल निकासी क्षमता को प्रभावित करने वाली उपयोगिता लाइनों और अन्य अवरोचों को तत्काल हटाया जाए। निचले इलाकों में पानी के प्रवेश को रोकने के लिए सुरक्षात्मक सीमा दीवारें बनाई जाएं तथा रेलवे क्षेत्र के सभी कल्वर्ट और जल निकासी मार्गों की व्यापक सफाई सुनिश्चित की जाए।
शिंदे ने कहा कि मुंबई को बाढ़ मुक्त रखने के लिए बीएमसी को रेलवे, एमएमआरडीए, एसआरए, म्हाडा और अन्य संबंधित एजेंसियों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करना होगा। उन्होंने भरोसा जताया कि समयबद्ध तरीके से सफाई कार्य पूरे होने पर इस वर्ष मानसून के दौरान जलभराव की समस्या को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकेगा।