

Sandeep Deshpande Statement: महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के वरिष्ठ नेता संदीप देशपांडे ने पार्टी में अपनी नाराजगी और विभाजन की चर्चाओं को पूरी तरह से खारिज कर दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह पार्टी के प्रति पूर्ण निष्ठावान हैं और आगामी नगर निगम चुनावों में मनसे की सफलता के लिए काम कर रहे हैं।
देशपांडे ने मीडिया से बातचीत में कहा, "पिछले कई दिनों से मेरी नाराजगी की अफवाहें उड़ाई जा रही हैं। इन अटकलों पर विराम लगाना जरूरी है। मैं मनसे में हूं और पार्टी के लिए प्रामाणिक रूप से काम कर रहा हूं। मैं इस बात पर पूरा ध्यान दे रहा हूं कि आगामी महानगरपालिका चुनाव में मनसे को अधिकतम सीटें कैसे मिलें।"
हाल ही में मनसे से भाजपा में शामिल हुए नेता संतोष धुरी ने आरोप लगाया था कि पार्टी के भीतर बाला नांदगावकर जैसे नेता अंदरूनी गुटबाजी और साजिश कर रहे हैं और इसी वजह से देशपांडे भी पार्टी छोड़ने की तैयारी में हैं। लेकिन इस पर देशपांडे ने साफ कहा कि वह धुरी के बयानों पर प्रतिक्रिया देना जरूरी नहीं समझते हैं।
मनसे नेता संदीप देशपांडे ने कहा कि संतोष धुरी का एक दृष्टिकोण हो सकता है। मेरा दृष्टिकोण अलग है। वह अपने नजरिए से बोल रहे हैं। मेरा अपना नजरिया है। उन्होंने अपना निर्णय लिया है। उनका निर्णय सही है या गलत, यह आने वाला समय तय करेगा।
इन सभी आरोपों और अटकलों के बीच संदीप देशपांडे ने एक बार फिर पार्टी के प्रति अपनी निष्ठा व्यक्त की है और चुनावी तैयारियों में जुटे रहने पर जोर दिया है। उनके बयान से पार्टी में फूट की चर्चाओं को कुछ हद तक मिल गया।