

Malhar Conclave 2026 Sessions: प्रतिबिंब: बिहाइंड द बिकमिंग थीम वाले ‘मल्हार 2026’ कॉन्क्लेव के सेशन का जोर-शोर से आगाज हुआ। मल्हार कॉन्क्लेव के पहले दिन सामाजिक बदलाव, साहस, एंटरप्रेन्योरशिप, राजनीति में नागरिकों की भागीदारी और पर्यावरण संरक्षण जैसे विषयों पर गहराई से चर्चा की गई।
कॉन्क्लेव की शुरुआत ‘हू सेज? शी सेज’ नाम के सेशन से हुई, जिसे सोशल एक्टिविस्ट और ‘शी-सेज’ (SheSays) की फाउंडर त्रिशा शेट्टी ने लीड किया। शेट्टी ने साहस के अलग-अलग पहलुओं पर बात की और उन लोगों की कहानियां सुनाईं जिन्होंने अन्याय के खिलाफ आवाज उठाई। उन्होंने अन्याय और असमानता के खिलाफ लड़ाई में सामूहिक प्रयास और युवाओं की भागीदारी की अहम भूमिका पर जोर दिया। इस सेशन ने एक मजबूत संदेश दिया कि अन्याय या शोषण की घटनाओं के मामले में कोई समझौता नहीं किया जा सकता।
इसके बाद ‘B2B: ब्यूटी टू बिजनेस’ सेशन हुआ। इस बी2बी सेशल में ‘सिंपली नाम’ (Simply Nam) की फाउंडर नम्रता सोनी और ‘फे ब्यूटी’ (Fae Beauty) की फाउंडर करिश्मा केवलरमानी शामिल हुईं।
दोनों एंटरप्रेन्योर्स ने कहा कि जहां पहले ब्यूटी इंडस्ट्री में बिजनेस शुरू करना मुश्किल लगता था, वहीं अब ब्यूटी सेक्टर रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा बन गया है। उन्होंने यह भी बताया कि ब्यूटी बिजनेस एक मैराथन की तरह है, जिसके लिए धैर्य और निरंतरता की जरूरत होती है।
NCP (SP) के प्रवक्ता और सेंट जेवियर्स के पूर्व छात्र अनीश गवांडे ने ‘द वॉइस ऑफ रीजन’ (The Voice of Reason) नाम के तीसरे सेशन में हिस्सा लिया। गवांडे ने राजनीति में अपने सफर के बारे में बताया और उन लोगों और विचारधाराओं के बारे में बात की जिन्होंने उन्हें प्रभावित किया।
उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि राजनेताओं के लिए आम नागरिकों तक पहुंचना और उनसे बातचीत करना बहुत जरूरी है। उन्होंने कहा कि हाल के विरोध-प्रदर्शनों को देखते हुए, देश में अपनी राय रखना हमेशा से एक मुश्किल काम रहा है। उन्होंने नागरिक समाज और राजनीतिक प्रक्रिया में नागरिकों की सक्रिय भागीदारी की जरूरत पर भी जोर दिया।
दिन के आखिरी सेशन का नाम था ‘करेज टू केयर: वेयर पर्पस मीट्स प्रैक्टिस’ अर्थात परवाह करने का साहस: जहां मकसद और काम मिलते हैं। इस सेशन में ‘बीच प्लीज इंडिया’ के फाउंडर मल्हार कलंबे और ‘मिशन ग्रीन मुंबई’ के फाउंडर सुभजीत मुखर्जी शामिल हुए। मल्हार कलंबे ने बताया कि कैसे भारत के समुद्र तटों पर फैली गंदगी से परेशान होकर उन्होंने असल बदलाव लाने के लिए कदम उठाने का फैसला किया।
पर्यावरण की स्थिति पर बात करते हुए सुभजीत मुखर्जी ने कहा कि पिछली पीढ़ियों ने आने वाली पीढ़ियों के लिए पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी बड़ी चुनौतियां खड़ी कर दी हैं। सेशन के आखिर में मुखर्जी ने कॉलेज के छात्रों और फैकल्टी का शुक्रिया अदा किया और उन्हें भारत का तिरंगा भेंट किया।
‘मल्हार 2026’ कॉन्क्लेव 15 अगस्त को भी जारी रहेगा, जिसमें कई जानी-मानी हस्तियां शामिल होंगी। FDA कमिश्नर तुकाराम मुंढे और बॉलीवुड डायरेक्टर इम्तियाज अली कॉन्क्लेव के मंच पर नजर आएंगे। इसलिए, छात्र, युवा और अलग-अलग क्षेत्रों से आए लोग दूसरे दिन के सेशन का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।