एमवीए की एकता की बड़ी परीक्षा, राज्यसभा सीट पर एमवीए में खींचतान, शिवसेना (उबाठा) बनाम कांग्रेस

Maharashtra Rajya Sabha Election: महाराष्ट्र राज्यसभा चुनाव से पहले एमवीए में इकलौती जीतने योग्य सीट को लेकर शिवसेना (उबाठा) और कांग्रेस के बीच दावेदारी तेज हो गई है।
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Maharashtra Rajya Sabha election (सोर्सः सोशल मीडिया)
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Maharashtra Politics: आगामी राज्यसभा चुनाव महाराष्ट्र विकास आघाडी (एमवीए) की एकता के लिए महत्वपूर्ण परीक्षा साबित हो सकते हैं, क्योंकि शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस दोनों ने सोमवार को गठबंधन की इकलौती जीतने योग्य सीट पर दावा पेश किया। हालांकि, दोनों दलों ने कहा है कि आंतरिक वार्ता जारी है।

शिवसेना (उबाठा) के नेता आदित्य ठाकरे ने 16 मार्च को होने वाले चुनाव के लिए एमवीए में किसी भी गतिरोध से इनकार किया। उन्होंने कहा कि जीतने योग्य एकमात्र सीट उनकी पार्टी को मिलनी चाहिए, क्योंकि उसके पास संख्यात्मक बढ़त है। राज्यसभा की सात सीटों के लिए नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 5 मार्च है। चुनाव 16 मार्च को होंगे और मतों की गिनती भी उसी दिन की जाएगी।

आदित्य ठाकरे का बयान

कांग्रेस की महाराष्ट्र इकाई के अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने कहा कि उनकी पार्टी इस सीट से चुनाव लड़ने के अपने दावे पर अडिग है, लेकिन बातचीत जारी है और विचार-विमर्श के बाद निर्णय लिया जाएगा। आदित्य ठाकरे ने ‘एक्स’ पर पोस्ट में कहा, “राज्यसभा चुनाव के लिए हो रही वार्ता में कोई गतिरोध नहीं है। सभी दल एक-दूसरे के संपर्क में हैं। संख्यात्मक ताकत और एमवीए की तय ‘रोटेशन’ नीति के अनुसार इस सीट पर शिवसेना (उबाठा) को चुनाव लड़ना चाहिए।”

एमवीए के भीतर चर्चा जारी

पार्टी के वरिष्ठ नेता संजय राउत ने कहा कि 16 मार्च के चुनाव से पहले राज्यसभा की इकलौती सीट को लेकर एमवीए के भीतर चर्चा जारी है। उन्होंने कहा कि सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी होने के नाते शिवसेना (उबाठा) का रुख महत्वपूर्ण होगा। राउत ने बताया कि पूर्व सांसद राजन विचारे और विनायक राउत सहित कई नेताओं ने पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे से मुलाकात कर राज्यसभा चुनाव लड़ने की इच्छा जताई है। दोनों नेता 2024 का लोकसभा चुनाव हार चुके हैं।

शीर्ष नेताओं के स्तर पर भी चर्चा

उन्होंने कहा कि घटक दलों के बीच बातचीत अंतिम क्षण तक जारी रहेगी और शीर्ष नेताओं के स्तर पर भी चर्चा हो रही है। अप्रैल में शरद पवार, शिवसेना (उबाठा) नेता प्रियंका चतुर्वेदी, राकांपा (शप) की फौजिया खान, आरपीआई (आठवले) के रामदास आठवले, भाजपा के भागवत कराड, कांग्रेस की रजनी पाटिल और राकांपा के धैर्यशील पाटिल का राज्यसभा कार्यकाल समाप्त हो जाएगा।

सत्तारूढ़ महायुति के भारी बहुमत को देखते हुए एमवीए ऊपरी सदन और विधान परिषद में केवल एक-एक सदस्य ही निर्वाचित करा सकती है। हालांकि एमवीए के तीनों घटक दल शिवसेना (उबाठा), कांग्रेस और राकांपा (शप) इस सीट पर दावा ठोक रहे हैं। शिवसेना (उबाठा) के पास 20 विधायक, कांग्रेस के पास 16 और राकांपा (शप) के पास 10 विधायक हैं।

महायुति को सात में से छह सीटें मिलने की संभावना

विधानसभा में बहुमत के कारण भाजपा नीत महायुति को सात में से छह सीटें मिलने की संभावना है। राष्ट्रीय महिला आयोग की प्रमुख विजया रहाटकर और भाजपा महासचिव विनोद तावड़े के नाम चर्चा में हैं, जबकि केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले को भाजपा कोटे से दोबारा भेजे जाने की संभावना जताई जा रही है।

कांग्रेस सूत्रों के अनुसार, अधिकांश विधायक वरिष्ठ नेता बालासाहेब थोरात के नामांकन के पक्ष में हैं, जबकि पार्टी प्रवक्ता सचिन सावंत और अतुल लोंढे भी दावेदारों में शामिल हैं। इसके अलावा वरिष्ठ नेता नसीम खान और मौजूदा सांसद रजनी पाटिल भी चुनाव लड़ने के इच्छुक बताए जा रहे हैं।

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