Maharashtra Government का बड़ा फैसला, अब दो रेल कंपनियां होगी एक, परियोजनाओं को मिलेगी रफ्तार
Maharashtra में रेलवे परियोजनाओं को रफ्तार देने के लिए केंद्र सरकार MRIDC को MRVC में मिलाने पर विचार कर रही है। विलय से संसाधनों का बेहतर उपयोग और परियोजनाओं की गति बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है।
- Written By: अपूर्वा नायक
पश्चिम रेलवे (सौ. सोशल मीडिया )
Mumbai News In Hindi: महाराष्ट्र में रेल परियोजनाओं के क्रियान्वयन को गति देने के लिए केंद्र सरकार अब दो प्रमुख रेल कंपनियों के विलय पर विचार कर रही है।
रेलवे के एक अधिकारी ने बताया कि रेलवे बोर्ड एवं रेल मंत्रालय के सचिव की ओर से जारी पत्र के अनुसार, महाराष्ट्र रेल इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (एमआरआईडीसी) को मुंबई रेल विकास निगम लिमिटेड (एमआरवीसी) में मिलाने का प्रस्ताव विचाराधीन है।
रेल मंत्रालय द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि इस कदम का उद्देश्य महाराष्ट्र में चल रही रेलवे परियोजनाओं में संसाधनों के बेहतर उपयोग, कुशल जनशक्ति के समन्वय और परियोजनाओं की गति चढ़ाने के लिए संस्थागत ढांचे को सरल बनाना है।
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वर्तमान में महाराष्ट्र देश का एकमात्र राज्य है, जहां रेल अवसंरचना विकास के लिए दो संयुक्त उपक्रम कंपनियां एमआरवीसी और एमआरआईडीसी कार्यरत हैं। दोनों का उद्देश्य राज्य में रेलवे परियोजनाओं का विकास है, लेकिन समान कार्यक्षेत्र के कारण तकनीकी विशेषज्ञता और कुशल कर्मचारियों की तैनाती में समन्वय की चुनौती सामने आती रही है।
प्रस्ताव के अनुसार, एमआरआईडीसी को एमआरबीसी में विलय करने से न केवल मानव संसाधन का उपयोग अधिक प्रभावी होगा, बल्कि परियोजनाओं की निगरानी और रिपोटिंग में भी सुधार आएगा। इसके साथ ही, राज्य सरकार और रेलवे मंत्रालय के बीच तालमेल और मजबूत होने की उम्मीद है, जिससे लंबित रेलवे परियोजनाओं को तेजी से पूरा किया जा सकेगा।
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19.17 करोड़ का भुगतान
एमआरआईडीसी द्वारा छोड़ी गई परियोजनाओं पर खर्च किए गए 19।17 करोड़ के भुगतान का निपटारा भी विलय की प्रक्रिया के दौरान किया जाएगा, रेलवे बोर्ड ने संबंधित पक्षी से इस प्रस्ताव पर सहमति प्रदान करने का आग्रह किया है मंजूरी मिलती है, तो विलय के बाद रेलवे परियोजनाओं की निगरानी और क्रियान्वयन के लिए एक एकीकृत एजेंसी का गठन होगा।
