मतदाता सूची में भारी गड़बड़ी! महाराष्ट्र CEO ने चुनाव आयोग को लिखा पत्र
Maharashtra News: महाराष्ट्र के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने मतदाता सूची की संक्षिप्त विशेष समीक्षा (SSR) की मांग पर चुनाव आयोग को पत्र लिखा है। विपक्षी दलों ने मतदाता त्रुटियों पर आपत्ति जताई।
- Written By: अर्पित शुक्ला
चुनाव आयोग (फोटो- IANS)
Mumbai News: महाराष्ट्र के मुख्य निर्वाचन अधिकारी एस चोकलिंगम ने भारत निर्वाचन आयोग को पत्र लिखकर ‘‘आवश्यक उचित निर्देश” मांगे हैं। विपक्षी दलों के एक प्रतिनिधिमंडल ने 14 अक्टूबर को एक संयुक्त ज्ञापन प्रस्तुत कर आगामी स्थानीय निकाय चुनावों से पहले मतदाता सूची के संक्षिप्त विशेष सारांश समीक्षा (एसएसआर) की मांग की थी।
उप निर्वाचन आयुक्त संजय कुमार को 14 अक्टूबर को लिखे पत्र में चोकलिंगम ने कहा कि मतदाता सूची में सुधार और अनावश्यक डेटा को हटाने के संबंध में विपक्ष द्वारा उठाई गई चिंताओं को औपचारिक रूप से निर्वाचन आयोग के समक्ष रखा गया है। उन्होंने लिखा, ‘‘कृपया आवश्यक उचित निर्देश जारी किए जाएं।”
पत्र में कहा गया कि महाराष्ट्र में 29 नगर निगमों, 247 नगर परिषदों, 147 नगर पंचायतों में से 42, 34 जिला परिषदों में से 32 और 351 पंचायत समितियों में से 336 के लिए चुनाव होने हैं। इसमें कहा गया कि राज्य निर्वाचन आयोग ने प्रक्रियागत तैयारियां शुरू कर दी हैं। इन स्थानीय निकाय चुनावों को संचालित करने के लिए वार्ड-वार विभाजन के उद्देश्य से निर्वाचन आयोग द्वारा एक जुलाई 2025 तक अद्यतन विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की मतदाता सूची उपलब्ध कराई गई है।
सम्बंधित ख़बरें
NEET-UG 2026 री-एग्जाम के लिए NTA की कड़ी तैयारी! 22 लाख छात्र, 5440 केंद्र और चप्पे-चप्पे पर AI की पैनी नजर
Meloni Trump Controversy: अपनी लोकप्रियता पर ध्यान दो… इटली की PM मेलोनी का ट्रंप पर तीखा पलटवार
सरकारी स्कूल में घुसे CM विजय के कार्यकर्ता, क्लास रुकवाकर टांगी फोटो; सिंघम अन्नामलाई ने ऐसे लगाई क्लास
भतीजे के मोह में फंसीं ममता इंदिरा जैसी कर रहीं भूल, मायावती से सीख लेने की सलाह; रशीद किदवई का बड़ा दावा
यह भी पढ़ें- BJP को बिहार में जीत दिलाएंगे महाराष्ट्र के ‘महारथी’! पार्टी ने इन नेताओं को बनाया स्टार प्रचारक
विपक्षी नेताओं ने मौजूदा मतदाता सूचियों में बड़े पैमाने पर त्रुटियों का आरोप लगाया, जिनमें ‘डुप्लिकेट’ मतदाता प्रविष्टियां, गलत पते और आयु विवरण में विसंगतियां शामिल हैं।
