रिटेल पंपों से थोक डीजल खरीदने पर होगी जेल; महाराष्ट्र में ईंधन की कालाबाजारी पर लगाम, जानें सरकार का ये फैसला
Fuel Black Marketing Action: महाराष्ट्र में ईंधन की कालाबाजारी और जमाखोरी पर सरकार की बड़ी सख्ती! रिटेल पेट्रोल पंपों से कंपनियों के थोक में डीजल खरीदने पर लगी रोक, उल्लंघन पर होगी जेल।
- Written By: गोरक्ष पोफली
ईंधन भरने की फोटो (सोर्स: सोशल मीडिया)
Maharashtra Bulk Diesel Purchase Restrictions: महाराष्ट्र सरकार ने पेट्रोल और डीजल की जमाखोरी, कालाबाजारी और अवैध बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए एक बड़ा और निर्णायक कदम उठाया है। खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा जारी किए गए नए शासनादेश के अनुसार, अब औद्योगिक और व्यावसायिक संस्थानों के लिए सामान्य रिटेल पेट्रोल पंपों से थोक में ईंधन खरीदना प्रतिबंधित कर दिया गया है।
आम उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा
वर्तमान में वैश्विक भू-राजनीतिक उथल-पुथल के कारण ईंधन की आपूर्ति श्रृंखला प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है। इसी बीच, बाजार में एक विपरीत स्थिति देखी जा रही है थोक दरों की तुलना में रिटेल पेट्रोल पंपों पर ईंधन की कीमतें कम हैं। इसका अनुचित लाभ उठाते हुए कई बड़े औद्योगिक और व्यावसायिक संस्थान सीधे पेट्रोल पंपों से भारी मात्रा में डीजल खरीद रहे हैं। इस प्रवृत्ति के कारण आम जनता और छोटे वाहन चालकों के लिए उपलब्ध ईंधन स्टॉक पर अनावश्यक दबाव बढ़ रहा है।
कंपनियों के लिए नए निर्देश और सख्त कार्रवाई
सरकार ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि जिन संस्थानों को भारी मात्रा में ईंधन की आवश्यकता है, वे अब सीधे तेल विपणन कंपनियों (OMCs) से ही अपनी खरीदारी पूरी करें। यदि कोई रिटेल पेट्रोल पंप नियमों का उल्लंघन कर थोक में ईंधन बेचते हुए पाया जाता है, तो उसके खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
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अधिकारियों को मिले विशेष जांच अधिकार
नियमों के सख्त पालन के लिए प्रशासन को पूरी तरह मुस्तैद कर दिया गया है। सरकार ने विभागीय आयुक्त, जिलाधिकारी (DM), तहसीलदार और पुलिस उप अधीक्षक स्तर के अधिकारियों को विशेष अधिकार सौंपे हैं। ये अधिकारी पेट्रोल पंपों की दैनिक बिक्री के आंकड़ों पर कड़ी नजर रखेंगे। यदि किसी पंप की बिक्री में अचानक असामान्य बढ़ोतरी दिखाई देती है, तो उसकी तत्काल जांच की जाएगी और दोषी पाए जाने पर लाइसेंस रद्द करने जैसी कार्रवाई भी हो सकती है।
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अफवाहों से बचने की अपील
महाराष्ट्र सरकार के ऊर्जा विभागा के महासचिव अशोक आत्राम ने जनता को आश्वस्त किया है कि राज्य में पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है। उन्होंने नागरिकों से अपील की है कि वे ईंधन की कमी को लेकर फैल रही किसी भी तरह की अफवाह पर विश्वास न करें। सरकार का यह कदम केवल वितरण प्रणाली को सुव्यवस्थित करने और आम नागरिकों के लिए ईंधन की निरंतर उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए है।
