Board Exams से पहले महाराष्ट्र बोर्ड का यूट्यूब चैनल लॉन्च, नियमों पर मिलेगा वीडियो मार्गदर्शन
Maharashtra News: दसवीं और बारहवीं बोर्ड परीक्षाओं से पहले महाराष्ट्र बोर्ड ने छात्रों, स्कूलों और परीक्षा केंद्र अधिकारियों के मार्गदर्शन के लिए आधिकारिक यूट्यूब चैनल शुरू किया है।
- Written By: अपूर्वा नायक
महाराष्ट्र स्टेट बोर्ड (सोर्स: सोशल मीडिया)
Mumbai News In Hindi: बारहवीं (एचएससी) और दसवीं (एसएससी) परीक्षाओं से पहले, महाराष्ट्र बोर्ड ने विद्यार्थियों, स्कूलों और परीक्षा केंद्र अधिकारियों के मार्गदर्शन के लिए अपना आधिकारिक यूट्यूब चैनल शुरू किया है।
प्रसिद्ध हस्तियों के प्रेरणादायक संदेशों वाले वीडियो के अलावा, इस चैनल पर ऐसे जानकारीपूर्ण वीडियो भी उपलब्ध होंगे, जिनमें मंडल के अधिकारी परीक्षा से जुड़े विभिन्न नियमों की व्याख्या करेंगे।
इसका उद्देश्य बोर्ड परीक्षाओं के दौरान छात्रों, स्कूलों और परीक्षा केंद्र कर्मचारियों के बीच होने वाली भ्रम की स्थिति को दूर करना है। महाराष्ट्र राज्य बोर्ड के अध्यक्ष त्रिगुण कुलकर्णी ने बताया कि यह पहल सबसे प्रभावी संचार माध्यम के जरिए पहुंचने के लिए शुरू की गई है।
सम्बंधित ख़बरें
लेफ्ट फ्रंट को हटा अपनी सरकार बनाना चाह रही है कांग्रेसः निरुपम ने कहा INDI गठबंधन के भीतर चल रहा है मतभेद
रक्षा मंत्री की पाकिस्तान को कड़ी चेतावनी- ‘नापाक हरकतें नहीं रोकी तो दाना-पानी कर देंगे बंद’
महिला कार्यकर्ताओं तक पहुंच बढ़ाने के लिए शिवसेना चलाएगी विशेष अभियान, जानें क्या है एकनाथ शिंदे की रणनीति
जोगेश्वरी में विकसित भारत संकल्प सम्मेलन का आयोजन, PM Modi के 12 वर्ष पूरे होने पर भाजपा ने गिनाईं उपलब्धियां
भ्रम दूर करने के लिए विभाग प्रमुखों को जिम्मेदारी उन्होंने कहा, “परीक्षा से जुड़े नियमों और प्रक्रियाओं में कुछ नया नहीं है, लेकिन लिखित दस्तावेज की अलग-अलग व्याख्याओं के कारण हर साल भ्रम की स्थिति बन जाती है।
इन सभी शंकाओं को दूर करने के लिए महाराष्ट्र राज्य बोर्ड के सभी 9 विभागों के प्रमुखों को विभिन्न विषय सौंपे गए हैं, जिन पर वे वीडियो बनाकर यूट्यूब चैनल पर अपलोड करेंगे। कुलकर्णी महाराष्ट्र राज्य बोर्ड के पहले आईएएस अधिकारी हैं, जो इस पद पर नियुक्त हुए हैं।
ये भी पढ़ें :- Palghar: विरार के विवा कॉलेज में भाषा को लेकर हिंसा, मराठी न बोल पाने पर बीकॉम छात्रों से मारपीट
हेल्पलाइन सेवा जारी रहेगी
एक बार-बार सामने आने वाली समस्याओं का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों को मिलने वाली सुविचाओं और नियमों को लेकर स्कूल प्रमुखों और परीक्षा केंद्र प्रमुखों की अलग-अलग व्याख्याओं के कारण अवसर भ्रम पैदा हो जाता है। कुलकर्णी ने कहा कि बोर्ड भविष्य में परीक्षा से जुड़े अन्य विषयों पर भी सामग्री अपलोड करने की योजना बना रहा है, जैसे तनाव प्रबंधन और विषय-विशेष मार्गदर्शन। उन्होंने कहा, “परीक्षा की तकनीकी प्रक्रियाओं के अलावा उनाव प्रबंधन जैसे विषयों पर भी छात्रों और उनके अभिभावकों के कई सवाल होते है।
