

Khar Police Arrests 6 Bangladeshi Citizens: मुंबई पुलिस की एंटी टेररिज्म सेल और खार पुलिस स्टेशन की सतर्कता से शहर में चल रहे एक बड़े अवैध घुसपैठ और जाली दस्तावेज गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है। मुंबई पुलिस ने खार इलाके में त्वरित कार्रवाई करते हुए छह बांग्लादेशी नागरिकों को हिरासत में लिया है।
ये लोग बांग्लादेश से आने वाले नागरिकों की भारत में अवैध एंट्री कराने, उनके ठहरने का इंतजाम करने और उन्हें जाली भारतीय पहचान पत्र मुहैया कराने का नेटवर्क चला रहे थे।
यह पूरी कार्रवाई 29 सितंबर की दोपहर करीब 3 बजे हुई, जब खार पुलिस स्टेशन की एंटी टेररिज्म सेल (ATC) के सहायक पुलिस उपनिरीक्षक मनोहर चिंतामण खांडवी अपनी टीम के साथ एस. वी. रोड पर बांद्रा ट्रैफिक चौकी के पास गश्त कर रहे थे। गश्त के दौरान पुलिस टीम को तीन पुरुष और तीन महिलाएं संदिग्ध स्थिति में घूमते हुए दिखाई दिए।
संदेह होने पर जब पुलिस उपनिरीक्षक अतुल मुर्डारे ने उनसे पूछताछ की, तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ। पुलिस अधिकारियों ने पाया कि इनमें से चार आरोपी पहले भी भारत में अवैध घुसपैठ करते हुए पकड़े जा चुके थे और उन्हें कानूनी प्रक्रिया के तहत बांग्लादेश वापस डिपोर्ट किया गया था। इसके बावजूद वे दोबारा अवैध तरीके से सीमा पार कर भारत में दाखिल हो गए थे।
कड़ाई से की गई पूछताछ में सभी आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे मूल रूप से बांग्लादेश के रहने वाले हैं और वर्तमान में मीरा-भाईंदर क्षेत्र में रह रहे थे। उनके पास भारत में रहने या प्रवेश करने का कोई वैध पासपोर्ट, वीजा या यात्रा दस्तावेज नहीं था। आरोपियों ने समाज में आसानी से घुलने-मिलने और पुलिस से बचने के लिए अपने नाम बदलकर हिंदू नाम रख लिए थे।
पकड़े गए छह बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान इस प्रकार हुई है-
इक्बाल अकबरअली शेख उर्फ गौतम दत्ता (उम्र 35 वर्ष)
राणा मोल्ला इमदादुल मोल्ला उर्फ राणा शाह (उम्र 20 वर्ष)
समीम मिझानुर सरदार उर्फ राजू नरेंद्र (उम्र 25 वर्ष)
हलिमा अख्तर उर्फ मोनिका दत्ता (उम्र 26 वर्ष)
मोसामद मुंजिला खातून उर्फ शीला सरदार उर्फ रिया दत्ता (उम्र 23 वर्ष)
मफुजा अख्तर लिमा मोहम्मद हाशम काझी उर्फ कविता शाह (उम्र 25 वर्ष)
पुलिस जांच के अनुसार, इस पूरे रैकेट का मुख्य मास्टरमाइंड इक्बाल शेख उर्फ गौतम दत्ता है। इक्बाल पिछले 5 वर्षों से भारत में अवैध रूप से रह रहा था और सीमा पार आवाजाही कर रहा था। उस पर पहले भी अवैध रूप से भारत में प्रवेश करने का मामला दर्ज था और वह फिलहाल जमानत पर बाहर था।
बांग्लादेशी नागरिक सीमा पार करने के लिए भारत-बांग्लादेश सीमा पर सक्रिय दलालों को भारी रकम देते थे। सीमा पार करने के बाद इक्बाल स्थानीय एजेंटों की मदद से उनके लिए किराए के कमरे/फ्लैट और रोजगार का इंतजाम करता था। आरोपी हलिमा करीब 6 महीने पहले इक्बाल की मदद से भारत आई थी, जबकि अन्य चार आरोपी 20 सितंबर को बिना किसी वैध दस्तावेज के भारत में घुसे थे।
पुलिस ने आरोपियों के पास से बांग्लादेशी नागरिकता से जुड़े दस्तावेज और मोबाइल फोन जब्त किए हैं। इसके साथ ही पूरी जांच के दौरान पुलिस ने 40 जाली आधार कार्ड, पैन कार्ड, अन्य भारतीय पहचान पत्र और क्यूआर कोड वाले रेलवे टिकट भी बरामद किए हैं।
खार पुलिस ने आरोपी इक्बाल अकबरअली शेख और अन्य के खिलाफ अवैध प्रवेश, अवैध निवास और सहायता प्रदान करने से संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है और गिरोह के अन्य संपर्कों की सघन जांच कर रही है।