फारूक अब्दुल्ला पर हुए हमले को लेकर शरद पवार का बड़ा बयान, बोले- शादी समारोह में फायरिंग...

Sharad Pawar Statement: जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला एक बड़े हमले में बाल-बाल बचे। जम्मू में एक शादी के दौरान हुई फायरिंग पर शरद पवार ने गहरी चिंता जताई।
Sharad Pawar On Farooq Abdullah
शरद पवार व फारूक अब्दुल्ला (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Sharad Pawar On Farooq Abdullah: जम्मू-कश्मीर से एक बेहद चौंकाने वाली और डराने वाली खबर सामने आई है। नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला बुधवार रात जम्मू के बाहरी इलाके ग्रेटर कैलाश क्षेत्र में एक शादी समारोह में शामिल होने गए थे। इसी दौरान, उन पर बेहद नजदीकी दूरी से हमला करने की कोशिश की गई। इस घटना ने राज्य की सुरक्षा व्यवस्था और वीवीआईपी (VVIP) सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

कैसे हुई घटना?

जानकारी के अनुसार, 88 वर्षीय वरिष्ठ राजनेता फारूक अब्दुल्ला और जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी एक मैरिज हॉल में मौजूद थे। जब वे समारोह से बाहर निकल रहे थे, तभी वहां अचानक गोलीबारी हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावर ने उन्हें काफी करीब से निशाना बनाने का प्रयास किया। राहत की बात यह रही कि सुरक्षा घेरा मजबूत होने और किस्मत के साथ देने के कारण किसी को भी चोट नहीं आई और सभी गणमान्य व्यक्ति सुरक्षित बाहर निकल आए।

शरद पवार ने जताई गहरी चिंता

इस घटना के बाद देशभर के राजनेताओं की प्रतिक्रियाएं आने लगी हैं। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के प्रमुख और पूर्व केंद्रीय मंत्री शरद पवार ने इस हमले को "गहरी चिंता का विषय" करार दिया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए लिखा "वरिष्ठ नेता फारूक अब्दुल्ला और उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी की मौजूदगी में एक शादी समारोह में हुई गोलीबारी की घटना गहरे चिंता का विषय है। सौभाग्य से, किसी को कोई चोट नहीं आई, जो बड़ी राहत की बात है। हालांकि, ऐसी घटनाएं सार्वजनिक सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा कर सकती हैं।"

शरद पवार ने आगे अब्दुल्ला के अच्छे स्वास्थ्य और लंबी उम्र की कामना करते हुए कहा कि सार्वजनिक हस्तियों की सुरक्षा में इस तरह की चूक को हल्के में नहीं लिया जा सकता।

सुरक्षा पर उठते सवाल

जम्मू-कश्मीर में नई सरकार के गठन के बाद इस तरह की घटना होना सुरक्षा एजेंसियों के लिए एक बड़ी चुनौती है। फारूक अब्दुल्ला को 'Z+' श्रेणी की सुरक्षा प्राप्त है, ऐसे में एक सार्वजनिक कार्यक्रम में हमलावर का इतने करीब पहुंच जाना जांच का विषय है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए इलाके की घेराबंदी कर दी है और हमलावरों की तलाश जारी है।

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