श्रीकांत शिंदे का बड़ा दांव, ठाकरे गुट और BJP को झटका, सैकड़ों समर्थकों ने थामा शिवसेना का दामन

Kalyan Dombivli BJP-UBT Leaders Join Shiv Sena: कल्याण-डोंबिवली में एकनाथ शिंदे की शिवसेना ने बीजेपी और उद्धव गुट को दिया झटका। 7 पूर्व पार्षद और 200 पदाधिकारी शामिल।
Kalyan Dombivli BJP-UBT Leaders Join Shiv Sena
कल्याण में भाजपा और ठाकरे गुट के कद्दावर नेताओं ने शिवसेना में किया प्रवेश (फोटो क्रेडिट-X)
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Eknath Shinde Shiv Sena BJP Uddhav Thackeray Kalyan Dombivli: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के गृह जिले ठाणे में विपक्षी दलों के साथ-साथ सहयोगी दलों के भीतर भी सेंधमारी का खेल तेज हो गया है। कल्याण से सांसद डॉ. श्रीकांत शिंदे की उपस्थिति में बुधवार को हुए इस प्रवेश ने भाजपा के स्थानीय संगठन को हिलाकर रख दिया है। विशेष रूप से भाजपा के दो सबसे पुराने और मजबूत स्तंभ माने जाने वाले चौधरी और धात्रक परिवार का पार्टी छोड़ना कल्याण-डोंबिवली बेल्ट में भाजपा के लिए एक बड़ा नुकसान माना जा रहा है। ये नेता जमीनी स्तर पर बेहद मजबूत पकड़ रखते हैं और लगातार कई वर्षों से नगर निगम की राजनीति को प्रभावित करते आए हैं।

इस बड़े राजनीतिक घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए सांसद श्रीकांत शिंदे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट साझा की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के कुशल नेतृत्व और विकास कार्यों से प्रभावित होकर ही राज्य के विभिन्न दलों के निर्वाचित प्रतिनिधि और कद्दावर नेता लगातार हमारी पार्टी से जुड़ रहे हैं।

38 वर्षों के प्रशासनिक अनुभव के साथ हेमा मुंबरकर ने थामा दामन

शिवसेना द्वारा गुरुवार (4 जून 2026) को जारी एक आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार, इस प्रवेश कार्यक्रम में केवल राजनीतिक चेहरे ही नहीं, बल्कि प्रशासनिक क्षेत्र के अनुभवी लोग भी शामिल हुए हैं। केडीएमसी की सेवानिवृत्त सहायक आयुक्त हेमा मुंबरकर ने अपने समर्थकों के साथ शिवसेना की सदस्यता ग्रहण की। इस मौके पर सांसद श्रीकांत शिंदे ने उनके प्रवेश की सराहना करते हुए कहा कि मुंबरकर के पास 38 वर्षों का लंबा प्रशासनिक अनुभव है, जिसका सीधा लाभ आने वाले समय में पार्टी के संगठन और विकास योजनाओं को जमीनी स्तर पर लागू करने में मिलेगा।

कल्याण, डोंबिवली और अंबरनाथ में उद्धव गुट को लगा तगड़ा फटका

एक तरफ जहां भाजपा के नेता टूटे हैं, वहीं दूसरी तरफ उद्धव ठाकरे नीत शिवसेना (UBT) को भी कल्याण, डोंबिवली और अंबरनाथ के क्षेत्रों में एक बहुत बड़ा झटका लगा है। ठाकरे गुट के कद्दावर युवा सेना नेता योगेंद्र भोईर और ट्विंकल भोईर के नेतृत्व में लगभग 200 से अधिक स्थानीय पदाधिकारियों ने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा देकर एकनाथ शिंदे के नेतृत्व पर अपना भरोसा जताया है। स्थानीय राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इतनी बड़ी संख्या में युवा पदाधिकारियों का जाना आगामी चुनावों में ठाकरे गुट के जमीनी नेटवर्क को पूरी तरह कमजोर कर देगा।

'पूरी ऊर्जा के साथ राज्य भर में काम कर रही है शिवसेना'

सांसद श्रीकांत शिंदे ने कहा कि वर्तमान में शिवसेना पूरे महाराष्ट्र में पूरी ऊर्जा और संकल्प के साथ जनता के बीच जाकर काम कर रही है। राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही जनहितैषी योजनाओं और बुनियादी ढांचे के विकास कार्यों के कारण ही विपक्षी और सहयोगी दलों के कार्यकर्ताओं को अपना भविष्य सिर्फ हमारी पार्टी में सुरक्षित दिखाई दे रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि इन सभी नए वरिष्ठ नेताओं, पूर्व पार्षदों और ऊर्जावान युवा कार्यकर्ताओं के आने से ठाणे और कल्याण लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सभी शहरी निकायों में शिवसेना का वर्चस्व पहले से कई गुना अधिक मजबूत हो जाएगा।

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