BMC Election 2026: ठाकरे गढ़ में सेंध की तैयारी, शिंदे गुट की नई चाल
Maharashtra Local Body Election: बीएमसी चुनाव से पहले शिंदे गुट ने ठाकरे परिवार के पारंपरिक गढ़ों में सीधी चुनौती देने की रणनीति बनाई है। निलेश राणे को कई अहम प्रभागों की जिम्मेदारी दी गई है।
- Written By: अपूर्वा नायक
उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे (सोर्स: सोशल मीडिया)
Mumbai News In Hindi: मुंबई महानगरपालिका चुनाव को लेकर एकनाथ शिंदे गुट ने ठाकरे परिवार के पारंपरिक गढ़ों में सीधी चुनौती देने की विशेष रणनीति तैयार की है।
इस रणनीति के तहत कोकण क्षेत्र में चुनावी सफलता दिलाने वाले नेताओं को मुंबई के संवेदनशील और राजनीतिक रूप से अहम प्रभागों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इसी कड़ी में सिंधुदुर्ग जिले के नगरपालिका चुनावों में निर्णायक जीत दिलाने वाले निलेश राणे को उद्धव ठाकरे के प्रभाव वाले शिवडी, लालबाग, परेल और माहिम जैसे इलाकों में चुनावी कमान सौंपी गई है। माना जा रहा है कि कोकण में भाजपा के खिलाफ अपनाई गई रणनीति को अब मुंबई में दोहराने की कोशिश की जा रही है।
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सीट बंटवारे के बाद तेज हुई तैयारी
महानगरपालिका चुनाव से ठीक पहले भाजपा के साथ हुए सीट बंटवारे में शिंदे गुट को 90 सीटें मिलने के बाद पार्टी ने प्रचार अभियान को आक्रामक रूप देने का फैसला किया है। नेतृत्व का मानना है कि सीमित सीटों के बावजूद सही रणनीति और प्रभावी नेतृत्व से ठाकरे गढ़ में सेंध लगाई जा सकती है।
मंत्रियों की टीम मैदान में उतरी
चुनावी अभियान को धार देने के लिए शिंदे गुट ने अपने वरिष्ठ मंत्रियों की टीम भी मुंबई में सक्रिय कर दी है। उद्योग मंत्री उदय सामंत, गृह राज्यमंत्री योगेश कदम और रोजगार मंत्री भरत गोगावले अब विभिन्न प्रभागों में उम्मीदवारों के समर्थन में प्रचार और संगठनात्मक बैठकें कर रहे हैं।’
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कोकण मॉडल पर भरोसा
पार्टी सूत्रों के अनुसार, कोकण क्षेत्र में विकसित किया गया चुनावी “विजय पैटर्न” जिसमें जमीनी संपर्क, स्थानीय नेतृत्व और आक्रामक प्रचार शामिल रहा को ही मुंबई में लागू करने की योजना है। अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि क्या यह रणनीति ठाकरे परिवार के मजबूत माने जाने वाले इलाकों में भी असर दिखा पाएगी।
