BMC में विकास निधि पर सियासी बवाल, वर्षा गायकवाड़ ने लगाए भेदभाव के आरोप
मुंबई में BMC विकास निधि के वितरण को लेकर विवाद बढ़ गया है। कांग्रेस सांसद वर्षा गायकवाड़ ने आरोप लगाया कि सत्ताधारी दल अपने नगरसेवकों को ज्यादा फंड देकर विपक्ष के साथ भेदभाव कर रहा है।
- Written By: अपूर्वा नायक
वर्षा गायकवाड (सौजन्यः सोशल मीडिया)
BMC Mumbai Development Fund Row: मुंबई महानगरपालिका (BMC) में विकास निधि के वितरण को लेकर सियासत तेज हो गई है। कांग्रेस और सत्ताधारी दल के बीच इस मुद्दे पर टकराव की स्थिति बन गई है, जिससे राजनीतिक माहौल गरमा गया है।
मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष और सांसद वर्षा गायकवाड़ ने भाजपा और शिंदे गुट पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि विकास निधि के वितरण में भारी असमानता बरती जा रही है और विपक्षी नगरसेवकों के साथ अन्याय किया जा रहा है।
BMC फंड आवंटन पर उठे सवाल
गायकवाड़ के अनुसार, स्थायी समिति को मिले 800 करोड़ रुपये के फंड में से सत्ताधारी दल के नगरसेवकों को करोड़ों रुपये दिए गए हैं, जबकि कांग्रेस के कई नगरसेवकों को केवल 25 लाख रुपये तक सीमित रखा गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा नेताओं जैसे गणेश खणकर और प्रभाकर शिंदे को 20-20 करोड़ रुपये दिए गए हैं।
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अन्य दलों को भी मिला अधिक फंड
उन्होंने यह भी कहा कि उपमहापौर संजय घाडी को 10 करोड़ रुपये दिए गए हैं। इसके अलावा समाजवादी पार्टी, एमआईएम और राष्ट्रवादी कांग्रेस (शरद पवार गुट) के नगरसेवकों को भी पर्याप्त निधि दी गई है, जबकि कांग्रेस को नजरअंदाज किया गया है।
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भाजपा से संबंधों पर उठाए सवाल
गायकवाड़ ने सवाल उठाया कि भाजपा का इन अन्य दलों के साथ क्या संबंध है और किस आधार पर उन्हें अधिक निधि दी जा रही है। उन्होंने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि विकास निधि का वितरण पारदर्शी और समान होना चाहिए, ताकि सभी क्षेत्रों का समान विकास सुनिश्चित किया जा सके।
