

Anna Hazare Health Update By Bombay Hospital: प्रसिद्ध सामाजिक कार्यकर्ता और भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन की पहचान रहे अन्ना हजारे को स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के कारण मुंबई के बॉम्बे हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। 91 वर्ष की आयु में उन्हें वायरल इंफेक्शन, गंभीर डिहाइड्रेशन और यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन (UTI) की शिकायत के बाद अस्पताल लाया गया था। डॉक्टरों ने बताया है कि उनकी हालत पूरी तरह स्थिर है और वे तेजी से रिकवर कर रहे हैं।
अन्ना हजारे का इलाज कर रहे बॉम्बे हॉस्पिटल के डॉ. गौतम भंसाली ने उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर जानकारी साझा की। डॉ. गौतम भंसाली ने कहा कि अन्ना हजारे को सोमवार शाम लगभग 8.30 बजे मुंबई के अस्पताल में लाया गया था। अभी उनकी कंडीशन स्टेबल है।
डॉ. गौतम भंसाली के अनुसार, अन्ना हजारे को 3 अगस्त के आसपास वायरल इंफेक्शन हो गया था। उसके बाद उन्हें लूज मोशन हुए और डिहाइड्रेशन हो गया। इसी वजह से आगे की जांच के लिए उन्हें मुंबई लाया गया।सीवियर डिहाइड्रेशन और वायरल इंफेक्शन की वजह से उनकी किडनी पर थोड़ा असर पड़ा है। इसके साथ-साथ यूरिन में भी इंफेक्शन हुआ है। इसके लिए हम लोग सारी जांच कर रहे हैं।
डॉ. भंसाली ने बताया कि जब अन्ना हजारे अस्पताल आए थे तो वे गाड़ी में बैठकर आए थे, एंबुलेंस में नहीं। अभी भी वे आराम से बैठकर बात कर रहे हैं, खाना खा रहे हैं और पूरी तरह से स्थिर हैं। डॉक्टर कहा कि अगर सब कुछ सही रहा तो अगले 3 से 4 दिनों में उन्हें अस्पताल से छुट्टी मिल सकती है।
डॉक्टर ने कहा कि अन्ना हजारे की उम्र 91 साल हो चुकी है। उम्र के हिसाब से उनकी याददाश्त थोड़ी कम है, जो इस उम्र में सामान्य है। बाकी वे पूरी तरह से स्थिर हैं, आराम से बात कर रहे हैं और लोगों से अच्छे से रिएक्ट भी कर रहे हैं।
बता दें कि सोमवार को सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे को वायरल इंफेक्शन, गंभीर डिहाइड्रेशन और किडनी की समस्याओं के कारण बॉम्बे हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था।
बता दें कि अन्ना हजारे साल 2011 में इंडिया अगेंस्ट करप्शन आंदोलन के जरिए राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आए थे। उससे पहले भी वे पूरे महाराष्ट्र में अपने सामाजिक और भ्रष्टाचार विरोधी कामों के लिए जाने जाते थे। हाल ही में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शन के दौरान अन्ना हजारे ने कहा था कि शांतिपूर्ण आंदोलन और लोकतांत्रिक बातचीत ही जनता की शिकायतों को दूर करने के एकमात्र तरीके हैं।
कॉकरोच जनता पार्टी का प्रदर्शन खत्म होने के बाद अन्ना हजारे ने कहा था कि कोई भी मुद्दा बातचीत से ही सुलझता है। बातचीत से समाधान निकलते हैं। तनाव पैदा करने और गलत रास्ते पर चलने से कुछ भी हल नहीं होगा। बातचीत सबसे जरूरी चीज है। मैंने 22 बार भूख हड़ताल की है, लेकिन कभी हिंसा का सहारा नहीं लिया। मामलों को बातचीत से सुलझाया जाना चाहिए।