छुट्टी पाने के लिए कैदियों का कारनामा, मोर्शी ओपन जेल में फर्जी मेडिकल सर्टिफिकेट का खुलासा

Morshi Open Jail Case: महाराष्ट्र के मोर्शी खुले कारागृह में छुट्टी पाने के लिए कथित फर्जी मेडिकल सर्टिफिकेट लगाने का मामला सामने आया है। जेल प्रशासन की शिकायत पर चार कैदियों के खिलाफ मामला दर्ज किया
morshi open jail fake medical certificate case
Morshi open jail (सोर्सः फाइल फोटो- सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Amravati Jail News: अमरावती स्थानीय जिला केंद्रीय कारागृह के बाद अब मोर्शी स्थित खुले कारागृह में भी छुट्टी पाने के लिए फर्जी मेडिकल सर्टिफिकेट लगाने का मामला सामने आया है। इस प्रकरण में मोर्शी ओपन जेल प्रशासन की शिकायत पर 4 कैदियों के खिलाफ फर्जी दस्तावेज प्रस्तुत करने का मामला दर्ज किया गया है।

जानकारी के अनुसार, मोर्शी खुले कारागृह में सजा काट रहे गजानन उर्फ विपीन रामकृष्ण पातोड कैदी क्रमांक 1012 ने अपनी मां की बीमारी का फर्जी मेडिकल प्रमाणपत्र के साथ छुट्टी के लिए आवेदन के साथ प्रस्तुत किया था। वहीं भीमराव उरकुडा बनकर कैदी क्रमांक 815 ने छुट्टी के आवेदन में घर निर्माण कार्य का कारण बताया था।

मेडिकल प्रमाणपत्र और अन्य कागजात फर्जी

इसी प्रकार मनोज रामाजी चवरे कैदी क्रमांक 951 ने पत्नी की बीमारी का प्रमाणपत्र लगाया था, जबकि तुफान इंदलसिंग यादव कैदी क्रमांक 816 ने अपनी मां की बीमारी का मेडिकल प्रमाणपत्र आवेदन के साथ संलग्न किया था।छुट्टी मंजूर करने से पहले मोर्शी खुले कारागृह प्रशासन द्वारा संबंधित दस्तावेजों की जांच की गई। जांच में प्रस्तुत मेडिकल प्रमाणपत्र और अन्य कागजात फर्जी पाए गए।

मोर्शी पुलिस थाने में शिकायत दर्ज

इसके बाद कारागृह कर्मचारी अरविंद पंजाबराव चव्हाण ने मोर्शी पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर चारों कैदियों के खिलाफ फर्जी दस्तावेजों के इस्तेमाल का मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। इस घटना से जेल प्रशासन में भी हड़कंप मच गया है और अब रजा आवेदन प्रक्रिया की जांच और अधिक सख्ती से किए जाने की संभावना जताई जा रही है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com