Sambhajinagar में पीजी सीट दिलाने के नाम पर ठगे 20 लाख रुपये; आरोपी संदीप कुमार के खिलाफ मामला दर्ज
Medical PG Admission Fraud: संभाजीनगर के एक डॉक्टर से मेडिकल पीजी प्रवेश के नाम पर 20 लाख रुपये की धोखाधड़ी हुई है। बेंगलुरु के वैदेही मेडिकल कॉलेज में सीट दिलाने का झांसा देकर यह रकम वसूली गई।
- Written By: केतकी मोडक
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स - सोशल मीडिया)
Medical PG Admission Fraud In Sambhajinagar: छत्रपति संभाजीनगर में मेडिकल पोस्ट ग्रेजुएट यानी पीजी प्रवेश दिलाने का भरोसा देकर 20 लाख रुपये की ठगी किए जाने का मामला सामने आया है। आरोपी ने बेंगलुरु स्थित वैदेही मेडिकल कॉलेज में डर्मेटोलॉजी कोर्स में प्रवेश दिलाने का आश्वासन देकर यह रकम वसूली। मामले में पुंडलिक नगर पुलिस थाने में धोखाधड़ी का केस दर्ज किया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
बेटी के पीजी प्रवेश के लिए तलाश रहे थे विकल्प
पुलिस के अनुसार गारखेडा क्षेत्र निवासी रमाकांत श्रीहरी वडजे (59) ने शिकायत दर्ज कराई है। उनकी बेटी साक्षी ने मई 2025 में एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी की थी और वह पीजी मेडिकल प्रवेश की तैयारी कर रही थी। इसी दौरान 25 अक्टूबर 2025 को संदीप कुमार नामक व्यक्ति ने वडजे परिवार से संपर्क किया। आरोपी ने खुद को मेडिकल एडमिशन प्रक्रिया का समन्वयक बताते हुए बेंगलुरु के वैदेही मेडिकल कॉलेज में पीजी सीट दिलाने का दावा किया।
कॉलेज दौरा कराकर भरोसा जीता
28 अक्टूबर 2025 को आरोपी ने वडजे परिवार को बेंगलुरु शहर के हेब्बल स्थित श्री साई कंसल्टेंसी कार्यालय बुलाया। वहां से उन्हें मेडिकल कॉलेज का दौरा भी कराया गया। आरोपी ने केईए प्रक्रिया के जरिए सीट पक्की कराने का भरोसा दिलाया। उसने प्रति वर्ष 55 लाख रुपये फीस और 20 लाख रुपये अनामत राशि जमा करने की शर्त रखी।
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अलग-अलग चरणों में वसूले 20 लाख रुपये
शिकायत के मुताबिक 3 नवंबर 2025 को रमाकांत वडजे ने आरोपी के खाते में ऑनलाइन 5 लाख रुपये जमा किए। इसके बाद प्रवेश सुनिश्चित होने का दावा करते हुए 9 फरवरी 2026 को मोढा नाका क्षेत्र में आरोपी ने 10 लाख रुपये नकद लिए। उसी दिन अतिरिक्त 5 लाख रुपये और लिए गए। इस तरह आरोपी ने कुल 20 लाख रुपये वसूल कर लिए।
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कॉलेज से संपर्क करने पर खुला राज
पूरी रकम देने के बावजूद जब प्रवेश प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ी तो वडजे परिवार ने सीधे कॉलेज प्रशासन से संपर्क किया। वहां से पता चला कि सभी सीटें पहले ही भर चुकी हैं और ऐसा कोई प्रवेश तय नहीं हुआ था। इसके बाद परिवार ने आरोपी से पैसे वापस मांगे, लेकिन वह लगातार टालमटोल करता रहा और बाद में फोन उठाना भी बंद कर दिया।
पुलिस कर रही मामले की जांच
ठगी का एहसास होने पर रमाकांत वडजे ने पुंडलिक नगर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले की जांच हवालदार गजानन मांटे कर रहे हैं।
