अब नहीं चलेगी तारीख पर तारीख; मराठा आरक्षण पर सरकार को मनोज जरांगे की आखिरी चेतावनी, नहीं टलेगा आंदोलन

Manoj Jarange Warns: मराठा आरक्षण आंदोलन से पहले मनोज जरांगे ने सरकार को 28 अगस्त तक रुख साफ करने की चेतावनी दी। बोले- 29 अगस्त का आंदोलन नहीं टलेगा, अब आर-पार की लड़ाई होगी।
Manoj Jarange Warns Government
मनोज जरांगे पाटिल(फोटो नवभारत)
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Manoj Jarange Warns Government: मराठा आरक्षण की मांग को लेकर 29 अगस्त से शुरू होने वाले निर्णायक आंदोलन से पहले मराठा आंदोलनकारी मनोज जरांगे पाटिल ने राज्य सरकार को दो टूक चेतावनी दी है।

उन्होंने कहा कि अब मराठा समाज को मीठी बातें करके गुमराह करने के दिन खत्म हो गए हैं। सरकार 28 अगस्त तक अपना रुख स्पष्ट करे. 29 अगस्त का आंदोलन अब टलने वाला नहीं है। इस अंतिम लड़ाई में या तो मराठा समाज 100 प्रतिशत जीतेगा या मैं अनशन करके अपनी जान दे दूंगा।

अब सिर्फ बातचीत से नहीं चलेगा काम

राज्य सरकार का प्रतिनिधिमंडल अंतरवाली सराटी में मनोज जरांगे पाटिल से मुलाकात करने पहुंचने वाला था। इससे पहले मीडिया से बातचीत में जरांगे ने सरकार की कार्यशैली पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने बार-बार प्रतिनिधिमंडल भेजकर आंदोलन को शांत करने की कोशिश पर नाराजगी जताई।

जरांगे ने कहा कि सरकार के प्रतिनिधि आएंगे तो उनकी बात जरूर सुनी जाएगी, लेकिन हर बार चर्चा के नाम पर समय मांगना अब मराठा समाज को मंजूर नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर समाज को कितने दिनों तक आश्वासनों के भरोसे रखा जाएगा। जरांगे ने स्पष्ट किया कि अब बातचीत के बजाय मराठा आरक्षण के मुद्दे पर ठोस निर्णय चाहिए।

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प्रतिनिधिमंडल आएगा तो बात सुनेंगे

मनोज जरांगे पाटिल ने कहा कि राज्य सरकार का प्रतिनिधिमंडल उनसे मिलने आता है तो वे उसकी बात सुनने के लिए तैयार हैं, लेकिन अब केवल बातचीत और आश्वासनों के सहारे मराठा समाज को गुमराह नहीं किया जा सकता। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर समाज को और कितने दिनों तक इंतजार कराया जाएगा।

जरांगे ने स्पष्ट किया कि हर बार चर्चा के नाम पर समय मांगने की रणनीति अब स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि मराठा समाज लंबे समय से अपनी मांग को लेकर संघर्ष कर रहा है और सरकार को अब इस मुद्दे पर ठोस एवं स्पष्ट निर्णय लेना चाहिए।

सिर्फ आश्वासन देकर आंदोलन को टालने की कोशिश सफल नहीं होगी। पिछले 3 वर्षों में आई सरकारों के हर आश्वासन का मराठा समाज ने सम्मान किया लेकिन अब अन्याय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

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