अब आश्रमस्कूलों को मिलेगी वाशिंग मशीन, छात्रों के लिए खास सुविधा, 13.99 करोड़ रुपये होंगे खर्च
Washing Machines in Ashram Schools: गड़चिरोली जिले में पिछड़े समाज के लिए अब राज्य के 235 निजी आश्रमस्कूल को कपड़े धोने के लिए वाशिंग मशीन देने का फैसला किया गया है।
- Written By: प्रिया जैस
वॉशिंग मशीन (सौजन्य-सोशल मीडिया)
Gadchiroli News: गड़चिरोली जिले में अन्य पिछड़ा बहुजन कल्याण विभाग की ओर से राज्य के 235 निजी आश्रमस्कूल को कपड़े धोने के लिए वाशिंग मशीन देने का निर्णय लिया गया है। इसके लिए विभाग की ओर से 13 करोड़ 99 लाख रुपयों का खर्च किया जाने वाला है। अन्य पिछड़ा बुजन कल्याण विभाग ने इस संदर्भ में परिपत्रक जारी किया है। इससे अब आश्रमस्कूल के विद्यार्थियों को सुविधा मिलनेवाली है।
विमुक्त जाति, घुमंतू जनजाति प्रवर्ग के विद्यार्थियों को 1 से 12वीं तक की निशुल्क शिक्षा के साथ निशुल्क निवास, भोजन व्यवस्था, स्वास्थ्य सुविधा, क्रीड़ा सुविधा, शैक्षणिक साहित्य आदि सुविधाओं की आपूर्ति की जाती है। इसके लिए संस्थाओं को वेतनेत्तर अनुदान दिया जाता है। आश्रमस्कूल में विद्यार्थी स्वयं ही हाथ से अपने कपड़े धोते है।
पूरी तरह साफ नहीं होते कपड़े
इस दौरान कपड़े पूरी तरह से साफ नहीं हो पाते है, वहीं कपड़ों में सुक्ष्म जंतू तैयार होने से विद्यार्थियों को स्वास्थ्य की समस्या निर्माण हो सकती है। साफ सुथरे कपड़े पहन सके तथा छात्रों को हाथ से कपड़े धोने की झंझट से मुक्ति मिले इसलिए आश्रमस्कूल के विद्यार्थियों को वॉशिंग मशीन की सुविधा उपलब्ध कराई जाने वाली है।
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प्रधानाध्यापक करेंगे देखभाल व मरम्मत
आश्रमस्कूलों को अत्याधुनिक वॉशिंग मशीन दी जाने वाली है। इस मशन की देखभाल तथा मरम्मत करने की जिम्मेदारी संबंधित प्रधानाध्यापक तथा छात्रावास अधीक्षक पर रहने वाली है। आश्रमस्कूल के बच्चों का काफी समय कपड़े धोने में जाता था। इस समय की बचत करने के लिए सरकार ने वॉशिंग मशीन देने का निर्णय लेने से अब आश्रमस्कूल के विद्यार्थियों का समय बचेगा तथा उनके विकास को गति मिलेगी।
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हाथ से कपड़े धोने में मुश्किलें
आश्रमस्कूल शुरू होने वाले अवधि में विद्यार्थियों को कपड़े स्वयं को धोने पड़ते है। इस दौरान विद्यार्थी की उम्र को ध्यान में लेने पर कपड़े धोने का कार्य उनके लिए परेशानी भरा कार्य होता है। लेकिन कपड़े धोना जरूरी होने के कारण विद्यार्थी जैसे-तैसे यह कार्य कर अध्यापन करते थे। लेकिन अब आश्रमस्कूल में विद्यार्थियों को कपड़े धोने के लिए वॉशिंग मशीन दी जाने से विद्यार्थियों को सुविधा मिलने वाली है।
