Gadchiroli News: अहेरी तहसील के देचली वनपरिक्षेत्र कार्यालय अंतर्गत आने वाले दोडगेर गांव के जंगल में कुछ लोगों द्वारा आग लगाने की जानकारी वनाधिकारियों को मिली। जिसके अनुसार वनाधिकारी और कर्मचारियों ने जाल बिछाकर जंगल में आग लगाने वाले लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में दोडगेर निवासी जम्पा रामा तलांडी, चिन्नी मल्लेश तलांडी, रोजा जप्मा तलांडी और विज्या कोहला मडावी का समावेश है।
जानकारी के अनुसार, तेंदुपत्ता के उत्पादन के लिए जंगल में आग लगाने पर तेंदू के कच्चे पत्ते उगते है। यह गलतफहमी स्थानीय नागरिकों में फैली हुई है। जिसके मद्देनजर कुछ तेंदू ठेकेदारों द्वारा गांवगांव में पहुंचकर नागरिकों को आग लगाने की बात कही जा रही है। लेकिन इसका विपरित परिणाम जंगल में आग लगने की घटनाएं तेजी से घट रही है। ऐसे में दोडगेर जंगल में संबंधित लोगों द्वारा आग लगाए जाने की जानकारी मिलते ही वनविभाग के अधिकारी और कर्मचारियों ने जंगल में आग लगाने वाले संबंधितों को गिरफ्तार किया है।
वहीं संबंधितों के खिलाफ वनकानून के तहत मामला दर्ज किया गया है। जिससे जंगल में आग लगाने वालों में खलबली मच गयी है। यह कार्रवाई वनपरिक्षेत्राधिाकरी रत्नाकर बोरकर के मार्गदर्शन में क्षेत्र सहायक एन. पी. कुलमेथे, वनरक्षक एस. एस. कोरेत, जी. आर. खांडेकर, एम. एस. काले आदि ने की है।
हेतु दिनों में दूसरी कार्रवाईपिछले दिनों की अवधि में देचली वनपरिक्षेत्र कार्यालय में दूसरी कार्रवाई है। इससे पहले वनाधिकारियों ने जंगल में आग लगाने वाले लोगों को गिरफ्तार किया था। और अब चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। ऐसी घटनाओं पर लगाम कसने के लिए वनविभाग को लोगों में जनजागृति करने की आवश्यकता होने की बात कही जा रही है।