मुंबई-जेद्दा उड़ानें अचानक रद्द होने से उमराह यात्रियों की यात्रा प्रभावित।
महाराष्ट्र के हज यात्रियों के सामाजिक कार्यकर्ताओं के महासंघ ने Akasa Air और DGCA को पत्र लिखा।
उड़ान रद्द होने या बड़े बदलाव की सूचना कम से कम 48 घंटे पहले देने की मांग।
प्रभावित यात्रियों के लिए वैकल्पिक उड़ान, रीशेड्यूलिंग और रिफंड की स्पष्ट जानकारी मांगी।
बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों के लिए भोजन, पानी, होटल और परिवहन की व्यवस्था का आग्रह।
Chatrapati Sambhajinagar Mumbai Jeddah Flights Cancellation DGCA: मुंबई से जेद्दा जाने वाली उड़ानों के अचानक रद्द होने से उमराह यात्रियों को हो रही परेशानी पर महाराष्ट्र के हज यात्रियों के सामाजिक कार्यकर्ताओं के महासंघ ने चिंता जताई है। महासंघ ने 12 अक्टूबर 2026 को Akasa Air और DGCA को पत्र लिखकर उड़ान रद्द होने की सूचना कम से कम 48 घंटे पहले देने, वैकल्पिक उड़ान और जरूरतमंद यात्रियों के लिए भोजन व ठहरने की व्यवस्था की मांग की।
छत्रपति संभाजीनगर, उमराह के पवित्र सफर पर जाने वाले यात्रियों को मुंबई से जेद्दा जाने वाली उड़ानों के अचानक रद्द होने के कारण आर्थिक नुकसान और मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। महाराष्ट्र के विभिन्न जिलों से लंबी सड़क यात्रा कर मुंबई पहुंचने वाले यात्रियों की पूरी यात्रा योजना प्रभावित हो रही है। इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए महाराष्ट्र के हज यात्रियों के सामाजिक कार्यकर्ताओं के महासंघ ने विमानन कंपनी Akasa Air और नागरिक विमानन महानिदेशालय (DGCA) से यात्रियों के हित में ठोस कदम उठाने की मांग की है।
महासंघ ने 12 अक्टूबर 2026 को Akasa Air के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और DGCA के महानिदेशक को पत्र भेजकर उड़ान रद्द होने या उसमें बड़े बदलाव की सूचना यथासंभव कम से कम 48 घंटे पहले देने का आग्रह किया है।
महासंघ के अनुसार, महाराष्ट्र के अलग-अलग जिलों से उमराह के लिए जाने वाले यात्रियों को मुंबई हवाई अड्डे तक पहुंचने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। कई यात्रा संचालक निर्धारित उड़ान से करीब 12 से 15 घंटे पहले ही यात्रियों को बसों से मुंबई के लिए रवाना कर देते हैं।
ऐसे में अंतिम समय पर उड़ान रद्द होने की सूचना मिलने से यात्रियों को अतिरिक्त खर्च उठाना पड़ता है। आगे की यात्रा कब और कैसे होगी, इसे लेकर भी अनिश्चितता बनी रहती है। महासंघ ने मांग की है कि उड़ान रद्द होने की स्थिति में यात्रियों को तत्काल और स्पष्ट जानकारी दी जाए।
महासंघ ने विशेष रूप से बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों की परेशानी पर ध्यान दिलाया है। लंबी यात्रा के बाद उड़ान रद्द होने पर यात्रियों को रात के समय हवाई अड्डे पर रुकना पड़ सकता है। ऐसी स्थिति में पर्याप्त सहायता नहीं मिलने से उनकी मुश्किलें और बढ़ जाती हैं।
महासंघ ने प्रभावित यात्रियों के लिए भोजन, पीने का पानी और विश्राम की सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की है। जरूरत पड़ने पर होटल में ठहरने और हवाई अड्डे से आने-जाने के लिए परिवहन की व्यवस्था करने का भी आग्रह किया गया है। इसके अलावा, विमानन कंपनी की ओर से जिम्मेदार अधिकारियों की नियुक्ति करने की मांग की गई है, ताकि यात्रियों को सहायता के लिए भटकना न पड़े।
महासंघ ने उड़ान रद्द होने की स्थिति में यात्रियों को वैकल्पिक उड़ान, यात्रा के पुनर्निर्धारण और टिकट की राशि लौटाने की प्रक्रिया के बारे में तत्काल जानकारी देने की मांग की है। सामूहिक टिकट बुक कराने वाले यात्रा संचालकों और एजेंटों के लिए अलग संपर्क व्यवस्था बनाने का सुझाव भी दिया गया है, ताकि आपात स्थिति में यात्रियों की समस्याओं का शीघ्र समाधान हो सके।