

छत्रपति संभाजीनगर में ड्रोन उड़ाने पर 60 दिनों की रोक।
3 नवंबर 2026 से 2 जनवरी 2027 तक लागू रहेगा आदेश।
ड्रोन के अलावा माइक्रो-लाइट विमान, पैराग्लाइडर और हॉट एयर बैलून पर भी प्रतिबंध।
वीवीआईपी सुरक्षा और संभावित आतंकी खतरे को देखते हुए लिया गया फैसला।
पुलिस की हवाई निगरानी और विशेष अनुमति वाली गतिविधियों को छूट।
Chhatrapati Sambhajinagar Police Drone Ban 60 Days: संभावित आतंकी खतरे और सुरक्षा संबंधी चिंताओं को देखते हुए छत्रपति संभाजीनगर पुलिस आयुक्तालय ने शहर की सीमा में ड्रोन और अन्य हवाई उपकरणों की उड़ान पर 60 दिनों के लिए प्रतिबंध लगाया है। आदेश 3 नवंबर 2026 से 2 जनवरी 2027 तक लागू रहेगा। पुलिस की हवाई निगरानी और विशेष अनुमति से की जाने वाली गतिविधियों को छूट दी गई है।
छत्रपति संभाजीनगर शहर में ड्रोन उड़ाने की योजना बना रहे हैं तो सावधान हो जाएं। संभावित आतंकी खतरे और सुरक्षा संबंधी चिंताओं को देखते हुए पुलिस आयुक्तालय ने शहर की सीमा में ड्रोन सहित विभिन्न हवाई उपकरणों की उड़ान पर प्रतिबंध लगा दिया है। यह आदेश अगले 60 दिनों तक लागू रहेगा।
प्रतिबंध के दायरे में ड्रोन, रिमोट कंट्रोल से संचालित माइक्रो-लाइट विमान, पैराग्लाइडर, पैरा मोटर, हैंड ग्लाइडर और हॉट एयर बैलून शामिल हैं। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस के आदेश में आशंका जताई गई है कि राष्ट्रविरोधी तत्व इन हवाई उपकरणों का इस्तेमाल वीवीआईपी को निशाना बनाने के लिए कर सकते हैं। इनके जरिए नागरिकों की सुरक्षा को खतरे में डालने, सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश की आशंका भी व्यक्त की गई है।
इन्हीं संभावित खतरों को रोकने के लिए एहतियाती और सक्रिय कदम के रूप में प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किया गया है।
पुलिस आयुक्तालय की ओर से नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत यह आदेश जारी किया गया है। प्रतिबंध 3 नवंबर 2026 से लागू होकर 2 जनवरी 2027 तक प्रभावी रहेगा।
इस अवधि में शहर की सीमा के भीतर प्रतिबंधित हवाई उपकरणों को उड़ाने की अनुमति नहीं होगी। नागरिकों और संबंधित संस्थाओं को आदेश का पालन करने की हिदायत दी गई है।
आदेश में सुरक्षा कारणों से छत्रपति संभाजीनगर पुलिस द्वारा की जाने वाली हवाई निगरानी को प्रतिबंध से छूट दी गई है। इसके अलावा पुलिस आयुक्त की विशेष अनुमति से की जाने वाली गतिविधियां भी इस रोक के दायरे में नहीं आएंगी।