पूर्व विदर्भ बनेगा देश का स्टील हब! CM फडणवीस ने भद्रावती में कोल गैसीफिकेशन प्रोजेक्ट का किया शिलान्यास

Steel Hub East Vidarbha: पूर्व विदर्भ बनेगा देश का 'स्टील हब'! सीएम फडणवीस ने चंद्रपुर में किया ₹17,000 करोड़ के प्रोजेक्ट्स का शिलान्यास। ₹3 लाख करोड़ का निवेश और 1 लाख युवाओं को मिलेगा रोजगार।
CM Devendra Fadnavis announces ₹3 Lakh Cr investment for Steel Hub in East Vidarbha. 1 lakh jobs to be created in Nagpur, Chandrapur, Gadchiroli, Bhandara & Gondia.
CM फडणवीस ने भद्रावती में कोल गैसीफिकेशन प्रोजेक्ट का किया शिलान्यास (सौजन्य-नवभारत)
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Coal Gasification Project Bhadrawati: राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने यहां कहा कि, पूर्व विदर्भ के जिलों में प्रचुर मात्रा में उपलब्ध खनिज संपत्तियों के चलते उक्त जिले आने वाले दिनों में स्टील हब बनने जा रहे है। उक्त जिलों में स्टील उद्योगों में 3 लाख करोड़ का निवेश होगा और उद्योगों से एक लाख युवाओं को रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे।

मुख्यमंत्री फडणवीस भद्रावती में न्यू इरा क्लीन टेक एवं ग्रेटा एनर्जी प्रोजेक्ट्स के शिलान्यास समारोह में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि कोयला आधारित गैस का उत्पादन करने वाले कुल 7 प्रोजेक्ट्स को देश में मंजूरी मिली है, जिनमें से 4 प्रोजेक्ट्स विदर्भ में खासकर चंद्रपुर जिले में साकार हो रहे है।

विदर्भ में खनिज का भंडार

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने आगे कहा कि, विदर्भ में प्रचुर मात्रा में खनिज संपत्ति है, इस संपत्ति का प्रदूषण किए बगैर कैसे उपयोग किया जाए इसकी प्लानिंग करके भद्रावती में दो ग्रीन स्टील प्रोजेक्ट्स लगाए जा रहे हैं। स्थापित उद्योगों से एक इको-सिस्टम बनता है। रोज़गार पैदा करने के साथ-साथ सर्विस सेक्टर भी बढ़ता है। इससे इलाके के कृषि क्षेत्र से लेकर पर्यटन क्षेत्र तक को लाभ पहुंचता है।

एक तरह से, उद्योग देश की अर्थव्यवस्था को बड़ा बूस्ट देते हैं। उन्होंने आगे कहा कि, भारत के इतिहास में एक अनोखी इंडस्ट्री की नींव आज जिले के भद्रावती में रखी जा रही है। देश में फिलहाल वातावरण में बदलाव एक बड़ी समस्या बनी हुई है। सूखा, अतिवृष्टि, बेमौसम बारिश, यह सब वातावरणीय बदलाव के चलते हो रहा है, और इसका मुख्य कारण प्रदूषण है।

इसलिए खनिज संसाधनों का प्रदूषण-मुक्त इस्तेमाल पर ज़ोर दिया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय कोयला मंत्री किशन रेड्डी ने दुनिया की सबसे अच्छी टेक्नोलॉजी से मिनरल्स का इस्तेमाल कर उद्योग स्थापित करने की पहल की है, कोल गैसीफिकेशन उद्योग इसी पहल का परिणाम है।

गड़चिरोली, चंद्रपुर, नागपुर, भंडारा, गोंदिया में स्टील हब

विदर्भ के गड़चिरोली, चंद्रपुर, नागपुर, भंडारा, गोंदिया में स्टील हब बनाया जा रहा है। इस इलाके में 3 लाख करोड़ रुपये का निवेश किया गया है और एक लाख लोगों को रोज़गार दिया जाएगा। इस सेक्टर का भविष्य ग्रीन स्टील ही है। इंडस्ट्री से बनने वाले ग्रीन स्टील का 100 परसेंट एक्सपोर्ट मार्केट है। न्यू एरा और ग्रीन एनर्जी दोनों इंडस्ट्री के ज़रिए इस इलाके में 10 हज़ार नौकरियाँ मिलेंगी। चंद्रपुर और आस-पास के गांवों के युवाओं को टेक्नीशियन और दूसरी नौकरियों की ट्रेनिंग देकर रोज़गार देना चाहिए। अगर हमें देश का काम पूरा करना है, तो 70 से 80 परसेंट लोकल लोगों को रोज़गार देना ज़रूरी है। सरकार हमेशा इंडस्ट्री के साथ खड़ी रही है। इन दो प्रोजेक्ट की वजह से चंद्रपुर का नाम देश के मैप पर आया है।

अर्थव्यवस्था बदल रही

पूर्वी विदर्भ में माइनिंग पर आधारित इंडस्ट्री लगने की वजह से यहां की अर्थव्यवस्था पूरी तरह बदल रही है। हमारे राज्य की अर्थव्यवस्था कई देशों से आगे निकल गई है। हमारे राज्य की अर्थव्यवस्था दुनिया में 30वें नंबर पर है। हम खेती, इंडस्ट्री और सर्विस सेक्टर के सभी सेक्टर में इन्वेस्ट करके रोज़गार पैदा करके राज्य को आगे ले जाने के लिए पक्के इरादे वाले हैं।

इंडस्ट्रीयल डेवलपमेंट में कोयले की भूमिका अहम: किशन रेड्डी

इस अवसर पर केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी ने कहा कि, देश में 60 वर्ष तक के लिए कोयला उपलब्ध है। कोयले का इस्तेमाल डेवलपमेंट के साथ-साथ रोज़गार देने के लिए भी होता है। देश के इंडस्ट्रीयल डेवलपमेंट में कोयले का रोल बहुत ज़रूरी है। उन्होंने आगे कहा, चंद्रपुर और भद्रावती में एक नई एडवांस टेक्नोलॉजी से आ रहे उद्योगों से इस इलाके का डेवलपमेंट होगा। स्थानीय लोगों को रोज़गार मिलेगा।

दोनों कंपनियों के ज़रिए भद्रावती में 17 हज़ार करोड़ रुपये का निवेश हो रहा है। हम कोल गैसीफिकेशन के लिए विदेशों पर निर्भर हैं, लेकिन, एडवांस टेक्नोलॉजी वाले कोल गैसीफिकेशन की संकल्पना प्रधानमंत्री मोदी के देश को आत्मनिर्भर बनाने की संकल्पना से आयी है। यह इलाका कोल गैसीफिकेशन का हब बनेगा। मुख्यमंत्री फडणवीस की लीडरशिप में महाराष्ट्र एक ट्रीलियन डॉलर की इकॉनामी बनने की राह पर है।

इस कार्यक्रम में केंद्रीय कोयला और खान मंत्री जी. किशन रेड्डी, चंद्रपुर जिले के पालकमंत्री डॉ. अशोक उइके, वित्त और योजना राज्यमंत्री आशीष जायसवाल, सांसद प्रतिभा धानोरकर, विधायक किशोर जोरगेवार, देवराव भोंगले, करण देवतले, पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री हंसराज अहीर, पूर्व सांसद अजय संचेती, कोल इंडिया के चेयरमैन संजीव कुमार झा, उद्योग विभाग के प्रिंसिपल सेक्रेटरी डॉ. पी. अंबाल्गन, ग्रेटा एनर्जी के चेयरमैन नितेश चौधरी, वैभव काकुलाटे, वेकोलि के मैनेजिंग डायरेक्टर हेमंत पांडे, ग्रेटा एनर्जी के अनूप गोयल, न्यू इरा क्लीन टेक के बालासाहब दराडे, मधुसूदन अग्रवाल, जिलाधिकारी विनय गौड़ा, जिला परिषद के सीईओ पुलकित सिंह, पुलिस अधीक्षक मुम्मका सुदर्शन उपस्थित थे।

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