

Chandrapur Mul Road Accident: चंद्रपुर-मूल मार्ग पर सोमवार सुबह हुए भीषण सड़क हादसे में नागभीड़ की महिला पुलिस कांस्टेबल विशाखा बनसोड की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। भ्रष्टाचार के चलते यह राष्ट्रीय महामार्ग की सडक लगभग दम तोड चुकी है। उसपर यहां से आवागमन करनेवाले वाहनों की घटनास्थल परिसर में ही यातायात पुलिस व्दारा रोज जांच(?) होती है। आरटीओ का वाहन भी अक्सर यहां दस्तक देते रहता है। इन स्थितियों में हुए इस हादसे को लेकर आम लोगों में न केवल असंतोष है बल्की तरह तरह की चर्चाएं व्याप्त है। बहरहाल इस हादसे से सर्वत्र शोक की लहर है।
हादसा 17 अगस्त की सुबह वलनी-बोर्डा मोड़ के पास हुआ। पुलिस कर्मचारी विशाखा बनसोड चंद्रपुर जिला पुलिस मुख्यालय में आयोजित रिफ्रेशर कोर्स में शामिल होने के लिए कार से तलोधी से चंद्रपुर के लिए निकली थीं। जानकारी के अनुसार, वलनी-बोर्डा मोड़ के पास उनकी कार की सामने से आ रही दूसरी कार से जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि सीर व अन्य अंगों पर गंभीर चोटे होने के कारण पुलिस कर्मचारी बनसोड की घटनास्थल पर ही मौत हो गई।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और पंचनामा किया। पुलिस ने दुर्घटना की जांच शुरू कर दी है। कर्तव्य निभाने के लिए निकली महिला पुलिसकर्मी की अचानक मौत से चंद्रपुर पुलिस विभाग में शोक की लहर है। वहीं, इस हादसे से बनसोड परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घटना की जानकारी मिलते ही परिजनों और परिचितों में शोक व्याप्त हो गया। पूरे क्षेत्र में हादसे को लेकर गहरा दुख व्यक्त किया जा रहा है। जानकारी के अनुसार बनसोड इसके पूर्व सावली पुलिस थाने में सेवारत थी। कुछ समय पूर्व उनका तबादला तलोधी पुलिस थाने में हुआ था।
मूल मार्ग की बदहाली को लेकर आवाज उठाने के बाद क्षेत्र के भाजपा विधायक सुधीर मुनगंटीवार ने गडकरी को पत्र लिखा था। इस मार्ग का काम जल्द ही होने की उम्मीद थी। यह मार्ग हर बार खराब हो जाता है। अब तो हालात यह है कि यहां से दुपहिया चलना मुश्किल बताया जा रहा है।
जिस परिसर में यह हादसा हुआ उस परिसर में हमेशा आरटीओ व यातायात पुलिस का वाहन खडा नजर आता है। वहां जाकर इनके व्दारा क्या कार्रवाई की जाती है? यह तो गुलदस्ते में है परंतु आज जो यह हादसा हुआ इसके लिए जिम्मेदार कौन? पुलिस कर्मचारी की बली आखीर किसने ली? इन सवालों को लेकर लोगों में तीव्र प्रतिक्रियाएं है।