Maharashtra News: पवनी बेटाला में आयोजित भव्य हिंदू सम्मेलन को नागरिकों की उत्साहपूर्ण प्रतिक्रिया मिली। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीण, युवा एवं महिलाओं की उपस्थिति रही, जिससे पूरे क्षेत्र में भक्तिमय और ऊर्जावान वातावरण बना रहा।
सम्मेलन में वक्ताओं ने हिंदू समाज की एकजुटता को उसकी सबसे बड़ी ताकत बताते हुए धर्म, संस्कृति और सामाजिक समरसता पर जोर दिया। साथ ही पर्यावरण संरक्षण और सांस्कृतिक विरासत को सहेजने के महत्व पर भी विस्तार से प्रकाश डाला गया।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के जिला संघ प्रचारक संजय काले ने पंचतत्व-पृथ्वी, जल, अग्नि, वायु और आकाश के संतुलन को जीवन के लिए अनिवार्य बताते हुए कहा कि इसे बनाए रखना प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी है। उन्होंने प्रकृति के साथ सामंजस्य स्थापित कर जीवन जीने का संदेश दिया।
वहीं डॉ. प्रशांत ठाकरे महाराज ने भारतीय संस्कृति और धर्म पर मार्गदर्शन करते हुए नई पीढ़ी को संस्कारित करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने प्रेम, सहनशीलता और मानवता के मूल्यों को अपनाने तथा अन्याय के खिलाफ दृढ़ता से खड़े रहने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम की शुरुआत भारत माता की पूजा से हुई, जबकि समापन आरती के साथ किया गया। इस दौरान धार्मिक फिल्में, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और प्रेरणादायी उद्बोधन प्रस्तुत किए गए, जिन्हें उपस्थित जनसमूह ने सराहा।
स्थानीय हिंदू मंडल एवं ग्रामीणों के सहयोग से आयोजित इस सम्मेलन को सामाजिक एकता और सांस्कृतिक जागरूकता को सुदृढ़ करने वाला सफल आयोजन माना गया।