Bhandara News: महिला मजदूरों के वाहन का दुर्घटनाग्रस्त; एक महिला की मौत, 21 घायल

Horrible accident: महिला मज़दूरों से भरा एक मिनी मालवाहक वाहन भीषण दुर्घटना का शिकार हो गया। घटना लाखनी तालुका के मसलमेटा-लाखोरी जंक्शन पर घटित हुई।
महिला मजदूरों के वाहन का दुर्घटनाग्रस्त
महिला मजदूरों के वाहन का दुर्घटनाग्रस्त (सौजन्यः सोशल मीडिया)
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Bhandara Accident: लाखनी तालुका के मसलमेटा-लाखोरी जंक्शन पर शुक्रवार सुबह महिला मज़दूरों से भरा एक मिनी मालवाहक वाहन भीषण दुर्घटना का शिकार हो गया। यह वाहन, जो किन्ही/एकोड़ी से शाहपुर जवाहरनगर में वृक्षारोपण कार्य के लिए जा रहा था, अचानक सड़क पर आए एक बच्चे को बचाने के चक्कर में नियंत्रण खो बैठा और एक पेड़ से टकरा गया। इस दुर्घटना में एक महिला, सैत्रा नेवारे (उम्र 50, निवासी किन्ही) की मृत्यु हो गई, जबकि 21 महिला मज़दूर घायल हो गईं।

दुर्घटना में आठ महिलाएं गंभीर रूप से घायल हो गईं और उन्हें तुरंत भंडारा के सामान्य अस्पताल में भर्ती कराया गया। गंभीर रूप से घायलों में छत्रपति बोरकर (40), जोत्सना सोनवाने (36), वंदना सोनवाने (34), प्रमिला शेंडे (40), रत्नमाला बोरकर (35), वैशाली सोनवाने (37), रामकला नेवारे (30) और प्रमिला गेडाम (42) शामिल हैं। शेष पाँच घायल महिलाओं का लाखनी के ग्रामीण अस्पताल में इलाज चल रहा है, जबकि एक महिला का निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है।

बच्चे को बचाने की कोशिश में वाहन पेड़ से टकराया

सड़क पर आए बच्चे को बचाने के लिए ड्राइवर ने तुरंत निर्णय लिया, लेकिन इससे गाड़ी नियंत्रण खो बैठी और यह हादसा हो गया। हादसे के बाद स्थानीय नागरिक मौके पर पहुंचे और घायलों की मदद की। प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायलों को भंडारा रेफर कर दिया गया। इस घटना से इलाके में हड़कंप मच गया है और बागानों में काम के लिए जा रहे मजदूरों की सुरक्षा का मुद्दा फिर से उठ खड़ा हुआ है।

साकोली में मामा झील का बांध टूटा

तो वहीं दुसरी खब़र में साकोली शहर में मुंबई-कलकत्ता राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित लघु सिंचाई विभाग की मुख्य मामा झील का बांध आज सुबह टूट गया, जिससे शहर और आसपास के इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई। झील का पानी साकोली-चंद्रपुर राष्ट्रीय राजमार्ग में घुसने के कारण पुलिस विभाग ने किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए तुरंत यातायात रोक दिया है।

सैकड़ों हेक्टेयर कृषि भूमि जलमग्न

झील के नीचे स्थित साकोली और गडकुंभली क्षेत्रों की सैकड़ों हेक्टेयर कृषि भूमि जलमग्न हो गई है और धान की खेती पूरी तरह से बह गई है। इसके अलावा, मछली पकड़ने वाले स्थानीय लोगों को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है और झील में बड़ी संख्या में मछलियां भी बह गई हैं। शहर के एकोड़ी रोड पर नवतलावा की बाड़ बेहद जर्जर और खराब स्थिति में है। इसलिए नागरिकों ने प्रशासन से नवतलावा की बाड़ की मरम्मत की मांग की है।

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