(प्रतीकात्मक तस्वीर)
Bhandara News In Hindi: भंडारा जिले में रोजगार गारंटी योजना के तहत कराए गए करोड़ों रुपये के विकास कार्यों का भुगतान अटका हुआ है, जिसकी वजह से ठेकेदार और मजदूर गंभीर आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। इस मामले में एक वरिष्ठ लिपिक पर भुगतान जारी करने के लिए खुलेआम रिश्वत मांगने का आरोप है, जिसके बाद पुलिस विभाग की आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने जांच शुरू कर दी है।
सूत्रों के मुताबिक, योजना से जुड़े एक वरिष्ठ लिपिक पर आरोप है कि वह बिलों की मंजूरी के लिए अधिकारियों और ठेकेदारों पर दबाव बनाता है। बताया जाता है कि यह लिपिक ‘दादा’ और ‘भाऊ’ जैसे नामों का इस्तेमाल करके यह जताता है कि उसे उच्चाधिकारियों का समर्थन प्राप्त है। उसका सीधा संदेश होता है कि जो ‘मैनेज’ करेगा, उसी का बिल पास होगा, अन्यथा फाइल अटक जाएगी।
इस भ्रष्टाचार के कारण योजना के तहत बनी पानदन सड़कों और अन्य कई विकास कार्यों का भुगतान लंबे समय से रुका हुआ है। ठेकेदार और कामगार, जिन्हें समय पर भुगतान की उम्मीद थी, अब वित्तीय संकट में फंस गए हैं।
किसानों और ग्रामीणों के हित के लिए शुरू की गई यह योजना अब भ्रष्टाचार के जाल में उलझती दिख रही है। प्रशासनिक गलियारों में इसकी चर्चा जोरों पर है, और उच्च-स्तरीय जांच तथा कठोर कार्रवाई की मांग उठ रही है।
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इस मामले में EOW के सहायक पुलिस निरीक्षक चोपने ने बताया कि मामले का संज्ञान लिया गया है और तफ्तीश जारी है। वहीं, उप जिलाधिकारी से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनका कोई जवाब नहीं मिल पाया।