

Beed Crime News: महाराष्ट्र के बीड जिला से मानवता को शर्मसार करने वाली एक घटना सामने आई है, जहाँ केज तालुका में एक 13 वर्षीय नाबालिग लड़की को कोयते (धारदार हथियार) की नोक पर आतंकित कर दो बार दुष्कर्म का शिकार बनाया गया। आरोपी ने खुद को 'दलाल' बताकर गन्ने के खेत में मजदूरी करने वाले परिवार की मासूम बेटी का यौन शोषण किया। इस घटना ने एक बार फिर पलायन करने वाले गन्ना मजदूरों और उनके परिवारों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पॉक्सो (POCSO) और भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसकी तलाश तेज कर दी है।
घटना की शुरुआत 14 जनवरी 2026 को हुई, जब परभणी जिले का रहने वाला आरोपी सूरज अशोक खरात सुरदी (सोने सांगवी) शिवर के एक खेत में पहुँचा। वहां उसने गन्ने की कटाई करने वाले मजदूरों की 13 साल 8 महीने की बेटी को अकेला पाकर कोयते से जान से मारने की धमकी दी। हथियार के डर से सहमी नाबालिग के साथ उसने जबरन शारीरिक संबंध बनाए। लोकलाज और डर के कारण पीड़िता उस समय कुछ नहीं बोल सकी, जिसका फायदा आरोपी ने दोबारा उठाया।
आरोपी की दरिंदगी यहीं नहीं रुकी। करीब एक महीने बाद, 8 फरवरी 2026 को सुबह 9 बजे, उसने केज पुलिस स्टेशन क्षेत्र के हाडगांव डोका शिवर में उसी लड़की को दोबारा अपना शिकार बनाया। जब पीड़िता की मां को इस भयानक सच्चाई का पता चला, तो उन्होंने तुरंत पुलिस से न्याय की गुहार लगाई। 10 फरवरी की रात को यूसुफवाड़गांव पुलिस स्टेशन में आरोपी सूरज खरात के खिलाफ आईपीसी की जगह प्रभावी नई धाराओं और पॉक्सो एक्ट की धारा 4 व 6 के तहत केस दर्ज किया गया।
फिलहाल मुख्य आरोपी सूरज खरात फरार है और पुलिस की टीमें उसकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं। इस संवेदनशील मामले की गंभीरता को देखते हुए, जांच का जिम्मा पिंक स्क्वाड के पुलिस सब-इंस्पेक्टर प्रकाश शेल्के को सौंपा गया है। पुलिस का कहना है कि वे पीड़िता को हर संभव सुरक्षा और मनोवैज्ञानिक सहायता प्रदान कर रहे हैं। गन्ना बेल्ट में रहने वाले मजदूर परिवारों में इस घटना के बाद से काफी दहशत का माहौल है।