Sambhaji Nagar MNC ने महाराणा एजेंसी की नियुक्ति रद्द, 1,605 कर्मचारी दो एजेंसियों में स्थानांतरित
Contract Basis पर काम करने वाले कर्मचारियों की सैलरी, पीएफ और ESIC के बकाया अनियमितता और समझौते के उल्लंघन के चलते Chhatrapati Sambhaji Nagar MNC ने महाराणा एजेंसी की नियुक्ति रद्द कर दी है।
- Written By: अपूर्वा नायक
छत्रपति संभाजी नगर महानगरपालिका (सौ. सोशल मीडिया )
Chhatrapati Sambhaji Nagar News In Hindi: ठेका पद्धति पर कार्यरत कर्मचारियों के वेतन, पीएफ और ईएसआईसी के बकाया में अनियमितता और समझौते की शर्तों के उल्लंघन के कारण महानगर पालिका ने महाराणा एजेंसी की नियुक्ति रद्द करने और उसके सभी संविदा कार्यरत कर्मचारियों को दो अन्य एजेंसियों में स्थायी रूप से स्थानांतरित करने का निर्णय लिया है।
मनपा प्रशासक जी श्रीकांत ने शुक्रवार, 26 सितंबर को इस संबंध में एक लिखित आदेश जारी किया। आदेश में कहा गया है कि महाराणा एजेंसी ने 1605 संविदा कर्मचारियों को दो महीने, जुलाई और अगस्त 2025 का वेतन नहीं दिया है।
साथ ही, समझौते की शर्त संख्या 23 (बी) के अनुसार, न्यूनतम वेतन, विशेष भत्ते, भविष्य निधि (पीएफ) और कर्मचारी राज्य बीमा योजना (ईएसआईसी) का भुगतान समय पर करना अनिवार्य था, लेकिन ऐसा नहीं किया गया इस लापरवाही के चलते क्षेत्रीय भविष्य निधि कार्यालय ने महानगर पालिका को मुख्य नियोक्ता के रूप में 1 करोड़ 58 लाख रुपये का भुगतान न करने का नोटिस जारी किया था।
इसके बाद, मनपा ने महाराणा एजेंसी को बकाया वेतन और सरकारी देय राशि का भुगतान करने के लिए तीन दिन की समय-सीमा दी थी। हालांकि, इसमें भी कोई पूर्ति न होने पर महानगर पालिका ने कड़ा फैसला लिया।
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1,605 कर्मचारियों को मिली राहत
इस निर्णय के तहत, महाराणा एजेंसी के 43 संवर्गों के कुल 1605 कर्मचारियों का दो एजेंसियों में स्थायी रूप से स्थानांतरण कर दिया गया है। गैलेक्सी मल्टी सर्विसेजः 763 कर्मचारी और अशोका एंटरप्राइजेजः 842 कर्मचारी स्थानांतरित किए गए।
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मनपा के आदेश के अनुसार, ये सभी कर्मचारी 21 सितंबर से संबंधित नई एजेंसी के अधिकार क्षेत्र में माने जाएंगे। महाराणा एजेंसी की लापरवाही के कारण पिछले दो महीनों से बिना वेतन के परेशानी झेल रहे कर्मचारियों को नगर निगम के इस फैसले से आखिरकार राहत मिल गई है। अब उन्हें नई एजेंसी के माध्यम से नियमित वेतन और अन्य कानूनी सुविधाएं मिलने की उम्मीद है।
