मनपा की नई योजना, संभाजीनगर में 236 करोड़ कर वसूली, अब हर जोन में बनेंगे सहायता केंद्र

Sambhajinagar Property Tax Collection: संभाजीनगर मनपा ने 2025-26 में संपत्ति और जल कर से 236 करोड़ रुपये वसूले। अब वसूली बढ़ाने के लिए हर जोन कार्यालय में सहायता केंद्र शुरू किए जाएंगे।
Municipal Corporation's New Initiative: ₹236 Crore Tax Collection in Sambhajinagar; Assistance Centers to Now Be Established in Every Zone.
Sambhajinagar Water Tax Revenue City ( Source: Social Media )
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Sambhajinagar Water Tax Revenue City: छत्रपति संभाजीनगर मनपा ने वर्ष 2025-26 में संपत्ति कर और पेयजल कर के रूप में 236 करोड़ रुपये की वसूली दर्ज की है। वसूली संतोषजनक रहने के बावजूद अब प्रशासन ने अगले वित्तीय वर्ष की शुरुआत से ही कर वसूली को और प्रभावी बनाने की योजना तैयार की है।

इसके तहत शहर के प्रत्येक जोन कार्यालय में संपत्ति कर से संबंधित जानकारी देने के लिए विशेष सहायता केंद्र शुरू किए जाएंगे। इन केंद्रों पर एक कर्मचारी नियुक्त किया जाएगा, जो नागरिकों को कर निर्धारण और भुगतान से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराएगा।

यह जानकारी शहर के मेयर समीर राजूरकर ने बुधवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए दी। उन्होंने बताया कि रिकॉर्ड में कुल 3 लाख 19 हजार 376 संपत्ति धारकों का पंजीकरण है।

इनमें से वर्ष भर में 1 लाख 42 हजार 975 नागरिकों ने संपत्ति कर और पेयजल कर का भुगतान किया है। जोन क्रमांक 5 कार्यालय से सबसे अधिक 32 करोड़ 5 लाख रुपये की वसूली हुई है। इसके बाद जोन क्रमांक 7 से 28 करोड़ 74 लाख और जोन क्रमांक 8 से 28 करोड़ 10 लाख रुपये का कर संग्रह हुआ।

मेयर राजूरकर में दी जानरारी

मेयर समीर राजूरकर ने बताया कि इस वर्ष संपत्ति कर के रूप में 213 करोड़ 39 लाख रुपये की वसूली हुई है, है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 36।18 प्रतिशत अधिक है।

हालांकि अभी भी लगभग 1 लाख 76 हजार संपति धारकों ने कर का भुगतान नहीं किया है, ऐसे क्षेत्रों में कर निर्धारण और वसूली की प्रक्रिया की दोबारा जांच की जाएगी।

महापौर राजूरकर ने वसूली में बढ़ोतरी पर खुशी व्यक्त करते हुए वसूली विभाग में कार्यरत अधिकारियों और कर्मचारियों की सराहना की। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की मेहनत और बेहतर योजना के कारण यह उपलब्धि हासिल हुई है। साथ ही शहर के नागरिकों द्वारा समय पर कर भुगतान करने की पहल की भी उन्होंने सराहना की और सभी करदाताओं का आभार व्यक्त किया।

नए आर्थिक वर्ष में आय बढ़ाने पर रहेगा जोर

उन्होंने बताया कि नागरिकों की संघत्ति कर से जुड़ी जानकारी देने और उन्हें भुगतान के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से प्रत्येक जोन कार्यालय में सहायता केंद्र स्थापित किए जाएंगे, इन केंद्रों के माध्यम से संपत्ति धारकों को कर निर्धारण, बिल और भुगतान से संबंधित मार्गदर्शन दिया जाएगा, एक प्रश्न के उत्तर में महापौर राजूरकर ने बताया कि मार्च माह समाप्त होते ही मनपा के सैकड़ों कर्मचारी घर-घर जाकर सपत्ति कर के बिल वितरित करने का काम शुरू करते हैं।

इस प्रक्रिया में बड़ी संख्या में कर्मचारी लगते है। इसलिए अब इस कार्य को आसान बनाने के लिए बिजली वितरण कंपनी की तरह ही इस एजेंसी की सेवाएँ लेने पर विचार किया जा रहा है, जो घर-घर जाकर बिजली बिल वितरित करती है।

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