CMIA की केंद्र से मांग: गति शक्ति कार्गो टर्मिनल योजना में शामिल हों संभाजीनगर और ऑरिक, बताया पुरा प्लान

Marathwada Industrial Growth: मराठवाड़ा के औद्योगिक विकास को गति देने के लिए सीएमआईए ने केंद्र से गति शक्ति कार्गो टर्मिनल योजना में संभाजीनगर-ऑरिक को शामिल करने की मांग की।
GCT Cargo Terminal Demand Sambhajinagar Auric Marathwada Industrial Growth
CMIA (फोटो नवभारत)
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Sambhajinagar Auric Marathwada Industrial Growth: मराठवाड़ा में तेजी से बढ़ रहे औद्योगिक निवेश और निर्यात को नई गति देने के लिए चेंबर ऑफ मराठवाड़ा इंडस्ट्रीज एंड एग्रीकल्चर (सीएमआईए) ने केंद्र सरकार से महत्वपूर्ण मांग की है।

सीएमआईए ने कहा है कि गति शक्ति मल्टी मॉडल कार्गो टर्मिनल (जीसीटी) परियोजना में छत्रपति संभाजीनगर और औरंगाबाद इंडस्ट्रियल सिटी (ऑरिक) को शामिल किया जाए, ताकि क्षेत्र की बढ़ती माल ढुलाई आवश्यकताओं को पूरा किया जा सके और उद्योगों की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता मजबूत हो।

तैयार हो रहा माल ढुलाई विकास का खाका

रेलवे बोर्ड के लिए माल ढुलाई विकास योजना तैयार करने के उद्देश्य से भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम) बेंगलुरु के प्रतिनिधिमंडल ने गुरुवार को सीएमआईए कार्यालय का दौरा कर उद्योग जगत के प्रतिनिधियों के साथ विस्तृत चर्चा की

प्रतिनिधिमंडल में राजीव त्रिपाठी, प्रो. जी. रघुराम, कृष्णा मोहन तथा दक्षिण मध्य रेलवे के रविशंकर शामिल थे। उन्होंने मराठवाड़ा के उद्योगों की वर्तमान और भविष्य की माल परिवहन आवश्यकताओं, रेलवे आधारभूत सुविधाओं तथा निर्यात क्षमता को लेकर उद्योगपतियों से सुझाव लिए।

एक लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश

बैठक में सीएमआईए ने बताया कि मराठवाड़ा में एक लाख करोड़ रुपये से अधिक का औद्योगिक निवेश आकर्षित हो रहा है। टोयोटा, जेएसडब्ल्यू, एथर, पिरामल और ह्योसुंग जैसी बड़ी कंपनियों के निवेश से उत्पादन और निर्यात में तेजी से वृद्धि हो रही है।

अगले सात से आठ वर्षों में उत्पादन तथा घरेलू और अंतरराष्ट्रीय निर्यात दोगुना होने की संभावना है। ऐसे में रेलवे माल ढुलाई नेटवर्क को सुदृढ़ बनाना समय की आवश्यकता है।

रेल संपर्क और लॉजिस्टिक सुविधाओं पर जोर

सीएमआईए ने शेंद्रा औद्योगिक क्षेत्र और बिडकीन स्थित ऑरिक को रेलवे संपर्क तथा रेलवे साइडिंग उपलब्ध कराने की मांग भी उठाई। इसके साथ ही कंटेनर हैंडलिंग, वेयरहाउसिंग, लॉजिस्टिक्स और मल्टी मॉडल परिवहन सुविधाओं का विस्तार करने पर जोर दिया गया।

संस्था का कहना है कि इन सुविधाओं के विकसित होने से उद्योगों का परिवहन खर्च कम होगा, समय की बचत होगी और निर्यात को नई मजबूती मिलेगी।

रेलवे बोर्ड को सौंपी जाएगी विस्तृत रिपोर्ट

प्रतिनिधिमंडल ने पिछले दो दिनों में जालना ड्राई पोर्ट, छत्रपति संभाजीनगर के रेलवे अधिकारियों, लॉजिस्टिक सेवा प्रदाताओं और उद्योग प्रतिनिधियों से चर्चा की है। गुरुवार को औद्योगिक क्षेत्रों का प्रत्यक्ष निरीक्षण भी किया जाएगा। इन सभी चर्चाओं और निरीक्षण के आधार पर रेलवे माल ढुलाई सुविधाओं के विकास को लेकर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर रेलवे बोर्ड को सौंपी जाएगी

बैठक में सीएमआईए के अध्यक्ष अथर्वेशराज नंदावत, उपाध्यक्ष मिहीर सौंदलगेकर, मानद सचिव अजिंक्य सावे, सहसचिव सौरभ छल्लानी, कोषाध्यक्ष सीए सोहम कोटक सहित संस्था के कई पदाधिकारी और उद्योग प्रतिनिधि उपस्थित थे।

– नवभारत लाइव के लिए छत्रपति संभाजीनगर से शफीउल्ला हुसैनी की रिपोर्ट

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