संभाजीनगर डिजिटल जनगणना( सोर्स: सोशल मीडिया )
Sambhajinagar Census Training Program: छत्रपति संभाजीनगर देश में लगभग 16 वर्षों के बाद होने जा रही जनगणना को लेकर महानगरपालिका ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इस पृष्ठभूमि में महानगरपालिका आयुक्त अमोल येडगे ने अधिकारियों और कर्मचारियों से जनगणना कार्य में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर शहर की जनगणना को सफल बनाने का आह्वान किया।
उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। स्मार्ट सिटी कार्यालय में आयोजित फील्ड ट्रेनर्स के प्रशिक्षण सत्र में आयुक्त अमोल येडगे ने कहा कि भारत में पहली बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से की जा रही है।
इसलिए यह प्रक्रिया पहले से अधिक जिम्मेदारी वाली है और इसका हिस्सा बनना सभी के लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि फील्ड ट्रेनर्स प्रशिक्षण को गंभीरता से समझें और उसे प्रभावी ढंग से आगे तक पहुंचाएं।
यदि जनगणना कार्य में किसी भी प्रकार की निष्क्रयता या गलती सामने आती है तो संबंधित कर्मचारियों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। महानगरपालिका की ओर से कुल 59 शिक्षकों को फील्ड ट्रेनर के रूप में नियुक्त किया गया है। इन ट्रेनर्स को मास्टर ट्रेनर उपजिलाधिकारी रुपेश शिंगारे और नगर रचनाकार शिवानंद नलगिरे ने मार्गदर्शन दिया।
यह 59 फील्ड ट्रेनर्स 27 अप्रैल से 8 मई 2026 के बीच लगभग 2500 से 3000 पर्यवेक्षकों और गणनाकारों को प्रशिक्षण देंगे, प्रशिक्षण में डिजिटल जनगणना की प्रक्रिया, मोबाइल एप का उपयोग और जानकारी संग्रह करने की पद्धति पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
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प्रशिक्षण के बाद पर्यवेक्षक और गणनाकार 16 मई से 14 जून 2026 तक घर-घर जाकर जनगणना का कार्य करेंगे, इस चरण में प्रत्येक परिवार की प्राथमिक जानकारी डिजिटल माध्यम से दर्ज की जाएगी, फरवरी 2027 में होगी मुख्य जनगणना के बाद फरवरी 2027 में मुख्य जनगणना प्रक्रिया शुरू की जाएगी।