पहचान बदली, शहर बदला, फिर भी नहीं बच सका आरोपी; समीर खान हत्याकांड का मास्टरमाइंड मुंबई से हुआ गिरफ्तार
Sameer Khan Murder Mastermind Arrested: समीर खान हत्याकांड का मास्टरमाइंड आसिफ उर्फ रायडर नौ महीने बाद मुंबई से गिरफ्तार। 'अनीस बाबा' बनकर छिपा था, क्राइम ब्रांच ने गुप्त ऑपरेशन में दबोचा।
- Written By: आलोक उमाकृष्ण
आसिफ उर्फ रायडर सैयद हनीफ पुलिस की गिरफ्त में (फोटो नवभारत)
Sameer Khan Murder Mastermind Arrested In Mumbai: करीब नौ महीने तक पुलिस को चकमा देकर फरार चल रहे समीर खान हत्याकांड के मुख्य साजिशकर्ता आसिफ उर्फ रायडर सैयद हनीफ (33, निवासी काचीवाड़ा, चेलीपुरा) को आखिरकार शहर क्राइम ब्रांच ने मुंबई से गिरफ्तार कर लिया।
आरोपी ने अपनी पहचान छिपाने के लिए नाम बदलकर ‘अनीस बाबा’ रख लिया था और पत्नी, बच्चों, सास तथा साली के साथ मुंबई के कबूतरखाना-करिमनगर स्थित रेड लाइट क्षेत्र में रह रहा था। क्राइम ब्रांच की टीम ने तीन दिन तक लगातार निगरानी और गुप्त अभियान चलाकर उसे आधी रात को धर दबोचा।
पुलिस जांच में सामने आया है कि अक्टूबर 2025 में शाहबाजार क्षेत्र में हुई समीर खान की सनसनीखेज हत्या की पूरी साजिश आसिफ रायडर ने ही रची थी। उसके निर्देश पर साथियों ने बीच सड़क पर तलवारों और धारदार हथियारों से हमला कर समीर की हत्या कर दी थी।
सम्बंधित ख़बरें
Ketan Agarwal Murder Case: पुलिस कस्टडी में सिया गोयल ने दिखाई मिडिल फिंगर, वायरल VIDEO से मचा बवाल
वर्ली सीफ्रंट पर बैठे लड़के-लड़कियों को मेयर रितु तावड़े ने उठाया, बढ़ती बारिश के बीच वहा ना बैठने की दी सलाह
छत्रपति संभाजीनगर में औद्योगिक क्षेत्रों की सुरक्षा के लिए पुलिस का बड़ा एक्शन प्लान, हर माह होगी समन्वय बैठक
Bhandara News: भंडारा में 6,944 किसानों को मिला सौर कृषि पंप का लाभ, सिंचाई हुई आसान
पुरानी रंजिश बनी हत्या की वजह
जांच के अनुसार 28 अक्टूबर 2025 को समीर खान और उसके साथी शाहरुख पर जानलेवा हमला हुआ था। इस मामले में समीर ने आसिफ रायडर, शोएब काला, हफीज उर्फ टकला सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ धमकी, मारपीट और गाली-गलौज की शिकायत दर्ज कराई थी।
इसी रंजिश के चलते 31 अक्टूबर 2025 को निशान दरगाह क्षेत्र में समीर पर तलवारों से ताबड़तोड़ हमला किया गया। महज 30 से 32 सेकंड में किए गए इस हमले में समीर गंभीर रूप से घायल हो गया और उपचार से पहले ही उसकी मौत हो गई। इस मामले में उसकी पत्नी सना कौसर की शिकायत पर हत्या का मामला दर्ज किया गया था।
मादक पदार्थ मामले से मिला अहम सुराग
अपराध शाखा को हाल ही में मादक पदार्थ तस्करी के एक मामले में गिरफ्तार अल्ताफ गिरोह के सदस्यों के मोबाइल फोन से आसिफ रायडर का नया मोबाइल नंबर मिला। इसके बाद पुलिस ने उसकी गतिविधियों पर गुप्त नजर रखनी शुरू की। जांच में यह भी सामने आया कि फरार के बाद रायडर को मुंबई में अल्ताफ गिरोह के कुछ सदस्यों को शरण दी थी।
‘अनीस बाबा’ बनकर बदल ली थी पहचान
हत्या के बाद आरोपी सीधे मुंबई भाग गया और वहां अपनी पहचान बदलकर ‘अनीस बाबा’ के नाम से रहने लगा। पुलिस जब स्थानीय लोगों से उसकी तस्वीर दिखाकर पूछताछ करती थी तो सभी उसे ‘अनीस बाबा’ ही बताते थे, जिससे उसकी पहचान छिपी रही और वह लंबे समय तक गिरफ्तारी से बचा रहा।
बारिश के बीच आधी रात को दबोचा गया
पुलिस को सूचना मिली थी कि आरोपी दिनभर घर में रहता है और केवल रात में बाहर निकलता है। लगातार बारिश के कारण दो दिन तक अभियान प्रभावित रहा, लेकिन अपराध शाखा की टीम ने पूरी रात इलाके में निगरानी जारी रखी। शुक्रवार देर रात आरोपी जैसे ही मोटरसाइकिल से एक चाय की दुकान पर पहुंचा, पुलिस ने उसे घेर लिया। पुलिस को देखते ही उसने भागने की कोशिश की, लेकिन पीछा कर उसे पकड़ लिया गया।
यह भी पढ़ेः- छत्रपति संभाजीनगर में औद्योगिक क्षेत्रों की सुरक्षा के लिए पुलिस का बड़ा एक्शन प्लान, हर माह होगी समन्वय बैठक
बातों-बातों में खुल गई पहचान
पूछताछ के दौरान आरोपी ने उपनिरीक्षक प्रवीण पाथरकर को पहचानते हुए कहा कि वे सिटी चौक अपराध शाखा से हैं। पाथरकर ने चतुराई से बातचीत आगे बढ़ाई और उसका विश्वास जीत लिया। इसी दौरान आरोपी ने स्वीकार कर लिया कि संभाजीनगर में हत्या के बाद उसने नाम बदलकर मुंबई में शरण ली थी। इसके तुरंत बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
यह कार्रवाई अपराध शाखा के निरीक्षक गजानन कल्याणकर के मार्गदर्शन में उपनिरीक्षक प्रवीण पाथरकर तथा उनकी टीम ने सफलतापूर्वक अंजाम दी। आरोपी से पूछताछ जारी है और पुलिस उसके अन्य सहयोगियों तथा फरारी के दौरान मिले संरक्षण की भी जांच कर रही है।
– नवभारत लाइव के लिए छत्रपति संभाजीनगर से शफीउल्ला हुसैनी की रिपोर्ट
