मोर्शी में भीषण ओलावृष्टि से संतरा बागानों को भारी नुकसान, किसानों पर संकट, मुआवजे की मांग

Amravati Hailstorm: अमरावती जिले की मोर्शी तहसील में हुई तेज आंधी, मूसलाधार बारिश और भीषण ओलावृष्टि ने संतरा उत्पादक किसानों को भारी नुकसान पहुंचाया है।
amravati morshi orange farmers hailstorm crop damage compensation demand
Hailstorm Impact (सोर्सः फाइल फोटो-सोशल मीडिया)
Published on: 
Updated on: 

Morshi Orange Farmers: अमरावती जिले की मोर्शी तहसील में शुक्रवार 12 जून की शाम 4 बजे अचानक मौसम ने करवट बदली। तेज आंधी और मूसलाधार बारिश के साथ हुई भीषण ओलावृष्टि ने संतरा उत्पादक किसानों की कमर तोड़कर रख दी है। पहले से ही बढ़ती लागत, प्राकृतिक आपदाओं और बाजार में मंदी की मार झेल रहा संतरा उत्पादक किसान इस बेमौसम ओलावृष्टि के कारण एक बार फिर गहरे आर्थिक संकट में डूब गया है।

हिवरखेड राजस्व मंडल में प्रकृति का तांडव

जानकारी के अनुसार ओलावृष्टि का सबसे घातक असर हिवरखेड राजस्व मंडल के अंतर्गत आने वाले ग्रामीण इलाकों में देखा गया है। हिवरखेड के दापोरी, डोंगर यावली, घोडदेव, सालबर्डी, पाला, मायवाडी व भाईपूरसहित दर्जनों गांवों में ओलों की भारी बौछार के कारण संतरा बागानों को भारी नुकसान पहुंचा है।

फसल और आय दोनों प्रभावित

ओलावृष्टि इतनी भीषण थी कि पेड़ों पर लगे छोटे और कच्चे संतरे भारी मात्रा में टूटकर जमीन पर आ गिरे, जिससे बागानों में संतरे की चादर सी बिछ गई। जो फल पेड़ों पर बचे हैं, ओलों की मार से उन पर गहरे दाग लग गए हैं, जिससे उनकी गुणवत्ता खराब हो गई है। कई इलाकों में तेज हवाओं के कारण संतरा के पेड़ों की डालियां तक टूट गईं।

पंचनामा और तत्काल नुकसान भरपाई की मांग

हजारों-लाखों रुपये कर्ज लेकर दिनरात संतरा बागानों को सींचने वाले किसानों के सामने अब परिवार पालने का संकट खड़ा हो गया है। इस गंभीर संकट को लेकर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के मोर्शी तालुका अध्यक्ष रूपेश वालके ने तत्काल पंचनामा कर नुकसान भरपाई देने की मांग की है।