धारणी नगर पंचायत की 3 करोड़ की ई-टेंडर प्रक्रिया पर सवाल, नो ड्यू सर्टिफिकेट की शर्त पर शिकायत

Dharni E-tender Controversy: धारणी नगर पंचायत की करीब 3 करोड़ रुपए की ई-टेंडर प्रक्रिया में अंतिम चरण में नो ड्यू सर्टिफिकेट की नई शर्त जोड़ने का आरोप लगा है।
dharni nagar panchayat 3 crore e tender complaint
धारणी नगर पंचायत ई टेंडर(सोर्सः सोशल मीडिया)
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Dharni Nagar Panchayat: धारणी नगर पंचायत के निर्माणकार्य विभाग द्वारा करीब 3 करोड़ रुपए के विकास कार्यों के लिए चल रही ई-टेंडर प्रक्रिया अब सवालों के घेरे में आ गई है। निविदा प्रक्रिया के अंतिम चरण में अचानक नो ड्यू सर्टिफिकेट की नई शर्त लागू किए जाने का आरोप लगाते हुए नगरसेवक तथा स्वच्छता एवं स्वास्थ्य समिति के सभापति सूरज वासुदेव मालवीय ने जिलाधिकारी से शिकायत कर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। शिकायत में मालवीय ने आरोप लगाया है कि निविदा प्रक्रिया शुरू होने के बाद ऐन समय पर नो ड्यू सर्टिफिकेट प्रस्तुत करने की शर्त जोड़ दी गई। नई शर्त पूरी करने के लिए इच्छुक ठेकेदारों को पर्याप्त समय नहीं दिया गया।

इसके चलते कई इच्छुक एवं पात्र ठेकेदार आवश्यक प्रमाणपत्र समय पर उपलब्ध नहीं करा सके और वे निविदा प्रक्रिया में शामिल होने से वंचित रह गए। पारदर्शिता पर सवाल नई शर्त लागू होने के बावजूद कुछ सीमित ठेकेदारों ने आसानी से निविदा प्रक्रिया में भाग लिया। इससे पूरी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। मालवीय ने मांग की है कि यह जांच की जाए कि क्या निविदा प्रक्रिया किसी विशेष ठेकेदार को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से नियोजित तरीके से संचालित की गई। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि निविदा की शर्तों में बदलाव किसके निर्देश पर किया गया, इसके लिए सक्षम प्राधिकारी की अनुमति ली गई थी या नहीं और अचानक नो ड्यू सर्टिफिकेट की शर्त लागू करने का आधार क्या था।

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सीसीटीवी फुटेज और पूरा रिकॉर्ड जांचने की मांग

मामले की वास्तविकता सामने लाने के लिए नगर पंचायत कार्यालय के पिछले एक महीने के सीसीटीवी फुटेज, संबंधित निविदा फाइल, नोटशीट, पत्राचार, बैठकों की जानकारी तथा नो ड्यू सर्टिफिकेट की शर्त जोड़ने से संबंधित संपूर्ण अभिलेख की जांच करने की मांग की गई है। मालवीय ने शिकायत में कहा है कि जांच पूरी होने तक विवादित निविदा प्रक्रिया पर रोक लगाई जाए। यदि जांच में अनियमितता या अपारदर्शिता सामने आती है तो संबंधित निविदा को रद्द कर सभी पात्र ठेकेदारों को समान अवसर देते हुए नए सिरे से पारदर्शी ई-टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाए।

दोषी पाए जाने वालों पर कार्रवाई की मांग

नगरसेवक सूरज मालवीय ने मामले में जिम्मेदार अधिकारी अथवा संबंधित व्यक्तियों की भूमिका की भी जांच करने और दोषी पाए जाने पर उनके खिलाफ नियमानुसार कठोर प्रशासनिक एवं कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। धारणी नगर पंचायत की करोड़ों रुपए की इस ई-टेंडर प्रक्रिया को लेकर उठे आरोपों के बाद अब नगर पंचायत प्रशासन की भूमिका और जांच में सामने आने वाले तथ्यों पर सभी की नजरें टिकी हैं।

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