

Amravati Teacher Election: अमरावती विभाग शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र का चुनाव महाविकास आघाड़ी के भीतर राजनीतिक तालमेल की परीक्षा बनता दिखाई दे रहा है। शिवसेना उद्धव बालासाहेब ठाकरे गुट की ओर से प्रा। दत्तात्रय लहाने को उम्मीदवार घोषित किए जाने के बाद अब कांग्रेस ने भी प्रा. अदिति पोहरे को मैदान में उतार दिया है। एक ही गठबंधन के दो प्रमुख दलों के अलग-अलग उम्मीदवार सामने आने से चुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है।
अमरावती संभाग में अमरावती समेत पांच जिलों का शिक्षक मतदाता क्षेत्र शामिल है। नामांकन प्रक्रिया के बीच प्रमुख राजनीतिक दलों और शिक्षक संगठनों की गतिविधियां भी तेज हो गई हैं।
ठाकरे गुट के उम्मीदवार दत्तात्रय लहाने ने 5 अक्टूबर को नामांकन दाखिल करने की तैयारी की है। उनके साथ पार्टी के वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी मौजूद रहने की जानकारी सामने आई है। दूसरी ओर कांग्रेस ने अदिति पोहरे को उम्मीदवार घोषित किया है। पोहरे ने हाल ही में कांग्रेस में प्रवेश किया है। दोनों उम्मीदवारों की घोषणा के बाद अमरावती शिक्षक सीट पर सहयोगी दलों के बीच सीधी राजनीतिक टक्कर की स्थिति बनी है।
अमरावती में कांग्रेस और ठाकरे गुट के अलग-अलग उम्मीदवार सामने आने के बाद मविआ के स्थानीय समन्वय को लेकर चर्चा तेज हो गई है। हालांकि, इस घटनाक्रम को राज्य स्तर पर महाविकास आघाड़ी के औपचारिक रूप से टूटने का प्रमाण मानना उचित नहीं होगा। गठबंधन के भीतर सीटों के बंटवारे और उम्मीदवार चयन को लेकर स्थानीय स्तर पर अलग-अलग निर्णय सामने आ सकते हैं। मविआ के तीनों प्रमुख घटक दल कांग्रेस, शिवसेना (यूबीटी) और राक (शरदचंद्र पवार) के बीच पहले भचुनावी तालमेल और विधानसभा में विपक्षी भूमिका को लेकर मतभेद सामने आते रहे हैं।
शिवसेना जिलाध्यक्ष पराग गुडघे ने बताया कि शिवसेना (उबाठा) की ओर से दत्तात्रय लहाने 5 अक्टूबर को सुबह 11 बजे नामांकन दाखिल करेंगे। इस समय शिवसेना नेता एवं सांसद अरविंद सावंत प्रमुख रूप से उपस्थित रहेंगे।
शनिवार को चौथे दिन 4 उम्मीदवारों ने चार नामांकन पत्र दाखिल किए। इसके साथ ही अब तक नामांकन दाखिल करने वाले उम्मीदवारों की संख्या छह हो गई है। शनिवार को सात व्यक्तियों ने कुल 15 नामाकन पत्र लिए। शनिवार को नामांकन दाखिल करने वालों में अशोक वामन हिवाले (निर्दलीय), दिलीप भीमराव कडू (निर्दलीय), गाजी मोहम्मद जाहेरोश (वंचित बहुजन आघाड़ी) तथा आशीष मनोहर अंबुलकर (निर्दलीय) शामिल है।
रविवार 4 अक्टूबर को शासकीय अवकाश होने व के कारण नामांकन पत्रों की बिक्री और दाखिल करने की प्रक्रिया बंद रहेगी। भारत निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के अनुसार नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि न 6 अक्टूबर है। 7 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी, जबकि 9 अक्टूबर तक इनाम वापस लिए जा सकेंगे।
अभी अन्य दलों और संभावित स्वतंत्र उम्मीदवारों की स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं है। नामांकन दाखिल होने और नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद मैदान में कितने उम्मीदवार रहेंगे, यह साफ होगा। इसके बाद शिक्षक संगठनों का रुख, विभिन्न दलों का समर्थन और स्थानीय समीकरण चुनाव की दिशा तय करने वाले प्रमुख कारक होंगे।
चुनाव में मतदान करने वाले शिक्षक मतदाताओं के लिए विशेष नैमित्तिक अवकाश घोषित किया गया है। मतदान 23 अक्टूबर को सुबह 8 से शाम 4 बजे तक होगा, जबकि मतगणना 27 अक्टूबर को की जाएगी। संबंधित निजी संस्थानों को 2 घंटे की विशेष छूट देने के निर्देश दिए गए हैं। विभागीय आयुक्त तथा निर्वाचन निर्णय अधिकारी नयना गुंडे ने शिक्षक मतदाताओं से अपील की है कि वे अपने मताधिकार का प्राथमिकता से उपयोग करें।