अमरावती की प्यास बुझाने को 985 करोड़ की योजना ने पकड़ी रफ्तार, 32% काम पूरा, 2027 तक मिलेगा
अमरावती शहर की जल समस्या के स्थायी समाधान के लिए 985.49 करोड़ की योजना का 32% कार्य पूर्ण हो चुका है। सिंभोरा बांध से नई पाइपलाइन और गोवर्धन टेकड़ी पर जलशुद्धीकरण केंद्र का काम युद्धस्तर पर जारी है।
Amravati Water Supply Scheme News: अमरावती शहर में लगातार बढ़ रही जल समस्या के स्थायी समाधान के उद्देश्य से शुरू की गई 985.49 करोड़ रुपये की महत्वाकांक्षी जलापूर्ति योजना अब गति पकड़ चुकी है। परियोजना का लगभग 32 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है, जिससे आने वाले समय में अमरावती और बडनेरा के नागरिकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
इस व्यापक योजना के तहत सिंभोरा बांध से शहर तक नई जलवाहिनी बिछाने का कार्य तेज गति से जारी है। यह पाइपलाइन परियोजना का प्रमुख हिस्सा है, जो भविष्य में शहर की जलापूर्ति का मुख्य स्रोत बनेगी। इसके साथ ही गोवर्धन टेकड़ी पर अत्याधुनिक जलशुद्धीकरण केंद्र (डब्ल्यूटीपी) का निर्माण किया जा रहा है, जहां पानी को शुद्ध कर शहर में वितरित किया जाएगा।
शहर के विभिन्न हिस्सों में नई पानी की टंकियां (जलकुंभ) भी तैयार की जा रही हैं, जिससे जल भंडारण क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। खासतौर पर मोर्शी मार्ग पर पाइपलाइन बिछाने का कार्य युद्धस्तर पर चल रहा है, जो इस परियोजना की प्रगति का प्रमुख संकेत बनकर सामने आया है। परियोजना पूरी होने के बाद अगले लगभग 50 वर्षों तक शहर की जल समस्या को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकेगा।
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तेजी से बढ़ती आबादी को ध्यान में रखते हुए यह योजना तैयार की गई है, जो भविष्य के शहरी विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इस योजना को मार्च 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। वर्तमान प्रगति को देखते हुए समय पर कार्य पूर्ण होने की उम्मीद जताई जा रही है।
परियोजना के लिए आवश्यक निधि केंद्र और राज्य सरकार के सहयोग से उपलब्ध कराई गई है, जिसमें जनप्रतिनिधियों के विशेष प्रयास भी शामिल हैं। उपविभागीय अभियंता संजय लेव्हरकर ने कहा कि यह परियोजना शहर के विकास में मील का पत्थर साबित होगी और आने वाली पीढ़ियों के लिए जल संकट का स्थायी समाधान प्रदान करेगी।
- कुल लागत: 985.49 करोड़ रुपये
- पूर्ण कार्य: 32%
- लक्ष्य: मार्च 2027
- प्रमुख कार्य: सिंभोरा बांध से अमरावती तक नई पाइपलाइन
- गोवर्धन टेकड़ी पर जलशुद्धीकरण केंद्र
- शहर में नए जलकुंभ का निर्माण
यह परियोजना न केवल वर्तमान जल संकट को दूर करेगी, बल्कि भविष्य की जरूरतों को भी ध्यान में रखते हुए शहर को जल के मामले में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है।
