जननी शिशु सुरक्षा योजना से 17,726 महिलाओं को लाभ, अकोला जिले में मातृशिशु मृत्यु दर कम करने हेतु व्यापक सुविधा
Akola News: जननी शिशु सुरक्षा योजना के तहत अकोला जिले में 17,726 महिलाओं को निशुल्क प्रसूति सेवाएं और आर्थिक सहायता प्रदान की गई है।
Akola News: जननी शिशु सुरक्षा योजना के अंतर्गत इस वर्ष अकोला जिले की 17,726 महिलाओं को लाभ प्रदान किया गया है. स्वास्थ्य विभाग ने जानकारी दी कि इस योजना के माध्यम से गर्भवती महिलाओं और उनके नवजात शिशुओं को सुरक्षित और निशुल्क प्रसूति सेवा उपलब्ध कराई जाती है. इसमें मुफ्त परिवहन, औषधोपचार, जांच, रक्त और आहार की सुविधा शामिल है. वर्ष 202526 में योजना के अंतर्गत 17,726 लाभार्थियों को सेवा दी गई.
वहीं, जननी सुरक्षा योजना के अंतर्गत एस.सी., एस.टी. और बीपीएल वर्ग की महिलाओं को प्रसूति के सात दिन के भीतर 700 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है. यदि निजी अस्पताल में सिजेरियन प्रसूति होती है तो 2,200 रुपये प्रदान किए जाते हैं. इस वर्ष कुल 2,412 लाभार्थियों को इस योजना का लाभ मिला है.
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य मातृ मृत्यु दर और शिशु मृत्यु दर को कम करना है. राज्य में संस्थागत प्रसूति का प्रमाण अच्छा है, लेकिन आर्थिक अभाव के कारण कई बार दवाएं, जांच या प्रसूति के दौरान आवश्यक सामग्री समय पर उपलब्ध नहीं हो पाती. इससे प्रसूति में विलंब होता है और मातृ या शिशु मृत्यु की संभावना बढ़ जाती है.
सम्बंधित ख़बरें
Akola News: पातुर में बीज अंकुरित नहीं होने पर कृषि विभाग की बड़ी कार्रवाई, दो कंपनियों के खिलाफ मामला दर्ज
अकोला में महाराष्ट्र बंद के दौरान ड्यूटी पर तैनात पुलिस कर्मी से मारपीट, सरकारी कार्य में बाधा का मामला दर्ज
अकोला के 5 कॉलेजों में 2026-27 सत्र के लिए भी प्रवेश पर रोक, अमरावती विश्वविद्यालय का बड़ा फैसला
Akola News: लाडकी बहीन योजना से आदिवासी महिलाएं वंचित, ई-केवाईसी बंद होने से हजारों लाभार्थी परेशान
इस समस्या को दूर करने के लिए राज्य सरकार ने यह योजना लागू की है. सरकारी अस्पतालों में सुविधा उपलब्धजननी शिशु सुरक्षा कार्यक्रम के अंतर्गत सरकारी अस्पतालों, उपकेंद्रों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, ग्रामीण अस्पतालों, उपजिला अस्पतालों, सामान्य अस्पतालों और जिला महिला अस्पतालों में निशुल्क दवाएं, जांच, आहार, संदर्भ सेवा और प्रसंगी सिजेरियन की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है. इस योजना से जिले की हजारों महिलाओं को सुरक्षित प्रसूति और नवजात शिशुओं को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा सुनिश्चित हुई है.
