

Rahul Gandhi Vs Kartikey Chouhan Case: कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी तथा कार्तिकेय सिंह चौहान के बीच चल रहा मानहानि प्रकरण अब समाप्ति की ओर बढ़ता नजर आ रहा है।
मंगलवार को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की जबलपुर खंडपीठ में हुई सुनवाई के दौरान राहुल गांधी की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता अजय दुबे ने कोर्ट को बताया कि दोनों पक्षों के बीच समझौते की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और अब केवल औपचारिकताएं शेष हैं। इस घटनाक्रम के बाद लंबे समय से चल रहे इस मामले के जल्द खत्म होने की संभावना बढ़ गई है।
दरअसल, भोपाल की एमपी-एमएलए कोर्ट ने राहुल गांधी के खिलाफ समन जारी करते हुए उन्हें 25 जून को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने के निर्देश दिए थे। इसी समन को चुनौती देते हुए राहुल गांधी ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। मंगलवार को हुई सुनवाई में उनकी ओर से कोर्ट को बताया गया कि जिस बयान को लेकर विवाद खड़ा हुआ था, वह शिवराज सिंह चौहान और उनके पुत्र कार्तिकेय सिंह चौहान के संदर्भ में नहीं दिया गया था। साथ ही समझौते से जुड़े दस्तावेज भी न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किए गए। राहुल गांधी के वकील ने कोर्ट से अनुरोध किया कि समझौते की शेष औपचारिकताओं को पूरा करने के लिए 10 से 12 दिन का समय प्रदान किया जाए।
मंगलवार की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट के समक्ष अधीनस्थ न्यायालय का रिकॉर्ड भी प्रस्तुत किया गया। राहुल गांधी की ओर से अंतरिम राहत और ट्रायल कोर्ट में व्यक्तिगत उपस्थिति से छूट देने की मांग रखी गई। मामले की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने अंतरिम राहत संबंधी आग्रह पर विचार करने के लिए प्रकरण को बुधवार के लिए पुनः सूचीबद्ध कर दिया। अब सभी की नजर अगली सुनवाई पर टिकी है, जहां कोर्ट के रुख और समझौते की औपचारिकताओं को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय सामने आ सकता है। यदि दोनों पक्षों के बीच समझौता अंतिम रूप ले लेता है, तो यह मानहानि प्रकरण जल्द ही समाप्त हो सकता है।
राजनीतिक गलियारों में इस मामले की तुलना पूर्व में राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा और शिवराज सिंह चौहान के बीच हुए विवाद से की जा रही है। उस मामले में भी दोनों पक्षों के बीच आपसी सहमति बनने के बाद विवाद समाप्त हो गया था।
संसद परिसर में हुई मुलाकातों के बाद दोनों नेताओं ने मामले को खत्म करने का फैसला लिया था। अब राहुल गांधी और कार्तिकेय सिंह चौहान के मामले में भी इसी तरह का समाधान सामने आता दिखाई दे रहा है। सूत्रों के अनुसार दोनों पक्ष समझौते पर सहमत हैं और जल्द ही आवश्यक दस्तावेजों पर हस्ताक्षर किए जा सकते हैं।