

Jabalpur Illegal Ahata : तीन साल पहले राज्य सरकार ने शराब पिलाने वाले अहातों पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया था, लेकिन इसके बावजूद शराब दुकान संचालकों द्वारा नियमों को दरकिनार कर अवैध रूप से अहाते संचालित किए जाने का मामला सामने आया है। जबलपुर पुलिस ने ऐसे अवैध अहातों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। अभियान के शुरुआती चरण में पुलिस ने रसल चौक और ब्लूम चौक स्थित शराब दुकानों के परिसरों में दबिश देकर शराब पीने के लिए बनाई गई व्यवस्थाओं को बंद कराया।
पुलिस के मुताबिक, शराब दुकानों के परिसर में ही लोगों के बैठकर शराब पीने की व्यवस्था की गई थी। बारिश से बचाने के लिए बाकायदा टीन शेड लगाए गए थे। इसके अलावा टेबल-कुर्सियां लगाकर शराब पीने वालों के लिए खाने-पीने का इंतजाम भी किया गया था। पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जब व्यवस्थाएं देखीं तो वे भी हैरान रह गए।
एडिशनल एसपी आयुष जाखड़ के नेतृत्व में पुलिस टीम ने जब इन अवैध अहातों में दबिश दी तो वहां के इंतजाम के साथ-साथ बनाए गए नियम भी सामने आए। पुलिस के अनुसार, अहाते में उपलब्ध खाने-पीने की सामग्री ही ग्राहकों को लेना अनिवार्य किया गया था। बाहर से कोई खाने-पीने का सामान लाने पर जुर्माना लगाने का नियम बनाया गया था। इसके लिए बाकायदा बैनर लगाकर ग्राहकों को निर्देश दिए गए थे।
शराब दुकानों के आसपास इस तरह अवैध रूप से अहाते संचालित होने के कारण स्थानीय लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद व्यवस्थाओं को हटवाया और अहाते बंद करवाए। अधिकारियों ने संचालकों को नियमों का पालन करने की समझाइश भी दी।
पुलिस ने फिलहाल अवैध अहाते संचालित करने वाले संचालकों पर जुर्माना लगाया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शराब दुकानों के परिसरों में नियमों का उल्लंघन कर शराब पिलाने की व्यवस्था करने वालों के खिलाफ आगे भी अभियान जारी रहेगा। पुलिस की कार्रवाई के बाद अवैध अहाता संचालकों में हड़कंप की स्थिति है।
रसल चौक और ब्लूम चौक में कार्रवाई के बाद यह सवाल भी उठ रहा है कि शराब दुकानों के परिसरों में लंबे समय से चल रही इन व्यवस्थाओं की जानकारी जिम्मेदार आबकारी विभाग को क्यों नहीं हुई। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि पुलिस कार्रवाई नहीं करती तो शायद अवैध अहाते इसी तरह संचालित होते रहते। अब पुलिस के अभियान के बाद आबकारी विभाग की निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।