10 सितंबर को संपूर्ण ग्वालियर बंद का आह्वान; सर्व संगठन ने UGC Roll Back को लेकर खोला मोर्चा

UGC Rollback Protest Gwalior: मध्य प्रदेश के ग्वालियर में यूजीकी रोल बैक की मांग को लेकर सर्व संगठन ने 10 सितंबर को संपूर्ण ग्वालियर बंद का किया आह्वान।
Gwalior bandh called on September 10 over UGC Rollback demand
यूजीसी रोल बैक को लेकर सर्व सगंठन ने खोला मोर्चा(सोर्स- नवभारत लाइव)
Published on
Updated on

Gwalior bandh on September 10: ग्वालियर-चंबल संभाग के सर्व संगठन द्वारा गालव ऋषि की तपोभूमि ग्वालियर में एक व्यापक महाजनआंदोलन करने का निर्णय लिया गया है। इस जनआंदोलन का औपचारिक शुभारंभ आगामी 10 सितंबर को वीरांगना महारानी लक्ष्मीबाई समाधि स्थल के सामने स्थित फूलबाग चौपाटी मैदान से किया जाएगा।

आंदोलन के प्रथम चरण में 10 सितंबर को संपूर्ण ग्वालियर बंद रखने का सर्वसम्मति से आह्वान किया गया है। इस बंद को ग्वालियर के संपूर्ण व्यापारी वर्ग का व्यापक समर्थन प्राप्त हो रहा है, जो सरकार की नीतियों एवं न्यायसंगत न होने वाले कानूनों के विरोध में आंदोलनकारियों के साथ खड़े हैं।

यूजीसी रोल बैक को लेकर होगा बड़ा प्रदर्शन

आंदोलनकारियों द्वारा यूजीसी से जुड़े विवादित नियमों को स्थायी रूप से रोलबैक (वापस) करने की मुख्य मांग रखी गई है। संगठन का मानना है कि ऐसे कानूनों की वजह से आने वाली पीढ़ियों के बच्चों का भविष्य प्रभावित होगा और वे शोषण का शिकार होने के जोखिम में रहेंगे। इसके अतिरिक्त एससी-एसटी एक्ट में तत्काल संशोधन की मांग की जा रही है, जिसमें बिना निष्पक्ष जांच के सीधी गिरफ्तारी के प्रावधान को समाप्त किया जाए।

सर्व संगठन का यह है कहना

सर्व संगठन का कहना है कि बिना किसी प्राथमिक जांच के केवल आरोप मात्र लगाने से सामान्य, ओबीसी तथा मुस्लिम वर्ग के लोगों को सीधे जेल भेजने की व्यवस्था न्यायसंगत नहीं है और इससे सामाजिक द्वेष तथा निर्दोषों के उत्पीड़न की आशंका बनी रहती है।

Gwalior bandh called on September 10 over UGC Rollback demand
MP में 'सीएम जन विश्वास अभियान पोर्टल' लॉन्च; अब अधिकारियों की मैदानी सक्रियता का पूरा रिकॉर्ड होगा ऑनलाइन

आरक्षण व्यवस्था के विरोधी नहीं, लेकिन व्यावहारिक समीक्षा आवश्यक​

संगठन के प्रतिनिधियों ने स्पष्ट किया है कि वह आरक्षण व्यवस्था के विरोधी नहीं हैं, परंतु वर्तमान आरक्षण नीति में पुनरावलोकन एवं व्यावहारिक समीक्षा की नितांत आवश्यकता है। पिछले लगभग 80 वर्षों से आरक्षण का अधिकांश लाभ कुछ विशेष जातियों और संपन्न परिवारों तक सीमित रहकर रह गया है।

10 सितंबर को सभी कार्यकर्ता, समर्थक एवं नागरिक होंगे एकत्रित

​सर्व संगठन ने निर्णय लिया है कि आने वाले 10 सितंबर को सभी कार्यकर्ता, समर्थक एवं नागरिक सुबह से ही फूलबाग स्थित महारानी लक्ष्मीबाई समाधि स्थल के सामने चौपाटी मैदान में एकत्रित होंगे और अपनी मांगों के समर्थन में एक विशाल एवं शांतिपूर्ण प्रदर्शन करेंगे।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com