वादे कुछ और, हकीकत कुछ और! दमोह कृषि उपज मंडी में किसानों का फूटा गुस्सा, चक्काजाम कर किया प्रदर्शन

Sagar Road Highway Blocked By Farmers: दमोह कृषि उपज मंडी में जमकर हुआ हंगामा, मटर के सही दाम न मिलने और व्यापारियों की मनमानी पर किसानों का फूटा गुस्सा। देखने को मिला भीषण चक्काजाम।
Damoh Mandi Kisan Andolan Sagar Road Highway Blocked By Farmers
दमोह में किसानों का चक्काजाम (सोर्स- सोशल मीडिया)
Published on: 
Updated on: 

Damoh Mandi Kisan Andolan: दमोह के सागर नाका स्थित कृषि उपज मंडी में बुधवार दोपहर व्यापारियों द्वारा अनाज की खरीदी न करने से गुस्साए किसानों ने मंडी के बाहर दमोह सागर मार्ग पर जाम लगा दिया और नारेबाजी शुरू कर दी। जानकारी लगते ही सागर नाका चौकी पुलिस मौके पर पहुंची और किसानों को समझाया, लेकिन वह जाम खोलने तैयार नहीं हुए।

उनका आरोप था कि ना तो व्यापारी उनकी उपज का सही दाम दे रहे हैं और ना ही उनकी खरीदी कर रहे हैं। जानकारी मिलने के बाद दमोह एसडीएम सौरव गंधर्व, तहसीलदार रॉबिन जैन मौके पर पहुंचे और किसानों को समझाइश देकर जाम खुलवाया। इसके बाद किसानों और किसान संघ के पदाधिकारी के साथ बैठक कर खरीदी शुरू कराई और किसानों को उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया।

किसानों के सामने खड़ी हुईं यह समस्याएं

किसान भूपेंद्र ठाकुर ने बताया कि व्यापारियों के द्वारा किसानों की नीलामी अचानक बंद कर दी। हम सुबह से यहां अपना अनाज लेकर आए थे, लेकिन हमारी खरीदी नहीं की गई। इसके अलावा अन्य कई किसान बैठे थे जिनकी खरीदी व्यापारियों के द्वारा नहीं की गई। इसके अलावा जो व्यापारी अनाज खरीदी करने आए थे वह अनाज का सही दाम भी नहीं दे रहे थे। तीसरी समस्या है थी कि उनकी उपज का केवल 10 हजार रुपये उन्हें नगद दिया जा रहा था।

व्यापारियों ने आधे दाम से शुरू की खरीद- हरिश्चंद्र पटेल

किसान संघ के जिला अध्यक्ष हरिश्चंद्र पटेल ने बताया कि मंगलवार को व्यापारियों के साथ प्रशासन की बैठक हुई थी। जिसमें व्यापारियों ने सहमति दी थी की जैसी प्रक्रिया चल रही है हम वैसा ही काम करेंगे लेकिन व्यापारी यहां जब फसल खरीदने आए तो आधे दाम से खरीदी शुरू कर रहे हैं। मटर 4000 रुपए में बिक रहा है लेकिन व्यापारी बोली 1200 से शुरू कर रहे हैं। इसके अलावा तय हुआ था कि अनाज खरीदी की आधी रकम नगद दी जाएगी और आधा पैसा आरटीजीएस किया जाएगा लेकिन व्यापारी केवल 10 हजार रुपए नगद देने की बात कर रहे हैं। जिससे किसान आक्रोशित हैं।

'व्यापारी मीटिंग में कुछ और बोलते हैं और करते कुछ और हैं'

यह व्यापारी मीटिंग में कुछ और बोलते हैं और मंडी में आकर अपने मन का काम करते हैं। व्यापारियों की मनमानी के कारण नहीं किसान परेशान हो रहा है। एसडीएम ने सभी किसानों को आश्वासन दिया कि उनकी अनाज का सही दाम उन्हें मिलेगा।

उनकी फसल बिकने का आधा पैसा उन्हें दिया जाएगा और आधा पैसा आरटीजीएस किया जाएगा। समय से नीलामी शुरू होगी। मंडी परिसर में समय भी लिखवाया जाएगा कि कितने बजे कौन सी फसल की नीलामी शुरू होने वाली है। दमोह सागर मार्ग पर सड़क पर बैठकर किसानों के द्वारा करीब आधे घंटे तक प्रदर्शन किया गया, लेकिन एसडीएम कि समझाइश के बाद किसान मान गए और यह प्रदर्शन उन्होंने खत्म कर दिया।

Navbharat Live
navbharatlive.com