

Vishwas Sarang Rahul Gandhi Poster Remark: मध्य प्रदेश सरकार के मंत्री विश्वास सारंग ने कांग्रेस नेताओं द्वारा लगाए गए एक पोस्टर में राहुल गांधी को भगवान परशुराम के रूप में दर्शाए जाने पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने इसे हिंदू धर्म और आस्था का अपमान बताते हुए कहा कि कांग्रेस नेताओं को भगवान और व्यक्ति के बीच का अंतर समझना चाहिए।
मंत्री विश्वास सारंग ने कहा कि यह चाटुकारिता और चमचागिरी की पराकाष्ठा है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी और नेहरू-गांधी परिवार चुनाव के समय ही हिंदू होने का प्रदर्शन करते हैं। सारंग ने कहा कि राहुल गांधी को भगवान परशुराम के रूप में पेश करना करोड़ों हिंदुओं की भावनाओं को आहत करने वाला कृत्य है और हिंदू समाज इस प्रकार के अपमान को स्वीकार नहीं करेगा। उन्होंने कांग्रेस पर सनातन विरोधी ताकतों को संरक्षण देने का भी आरोप लगाया और कहा कि कांग्रेस की राजनीति हमेशा समाज को बांटने वाली रही है।
मंत्री सारंग ने कांग्रेस नेताओं पर भी हमला बोलते हुए कहा कि पार्टी के कुछ नेताओं का मानसिक संतुलन बिगड़ गया है। उन्होंने कांग्रेस के हालिया प्रदर्शनों पर सवाल उठाते हुए कहा कि राजनीतिक कार्यक्रमों में बच्चों को शामिल करना उचित नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस युवाओं को सकारात्मक दिशा देने के बजाय नकारात्मक राजनीति की ओर ले जा रही है।
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मंत्री विश्वास सारंग ने कहा कि "सबसे बड़ा सुख निरोगी काया" है और स्वस्थ जीवन के लिए योग सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi ने योग को वैश्विक पहचान दिलाई है और आज पूरी दुनिया योग को अपना रही है। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष प्रधानमंत्री के आह्वान पर करोड़ों लोगों ने योग कार्यक्रमों में भाग लिया था।
खेल विभाग की टैलेंट सर्च योजना के शुभारंभ को लेकर मंत्री सारंग ने कहा कि सरकार का लक्ष्य मध्य प्रदेश को खेलों के क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल करना है। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों को उत्कृष्ट प्रशिक्षण देने और युवाओं को खेलों की ओर आकर्षित करने के लिए विभिन्न खेल अकादमियों का संचालन किया जा रहा है। टैलेंट सर्च अभियान के जरिए प्रदेश के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की पहचान कर उन्हें बेहतर अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे।
विश्वास सारंग ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार सभी परीक्षाओं को पारदर्शी तरीके से आयोजित कराने के लिए प्रतिबद्ध हैं। साथ ही प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक चुस्त-दुरुस्त बनाने के लिए तबादलों जैसी प्रक्रियाएं समय-समय पर की जाती हैं।