

MP Rajya Sabha Politics Update: मध्य प्रदेश से राज्यसभा सांसद और केंद्रीय मंत्री एल. मुरुगन तथा जॉर्ज कुरियन को दक्षिण भारत के चुनावी मैदान में हार का सामना करना पड़ा है। इन चुनाव परिणामों ने मध्य प्रदेश की राजनीति में संभावित बदलाव की उम्मीदों पर भी पानी फेर दिया है। साथ ही प्रदेश के कई सीनियर लीडर्स निराश भी हो गए हैं।
दरअसल राजनीतिक हलकों में चर्चा थी कि अगर ये दोनों नेता अपने-अपने चुनाव क्षेत्रों से जीत दर्ज करते हैं, तो मध्य प्रदेश कोटे की दो राज्यसभा सीटें खाली हो जातीं। ऐसी स्थिति में राज्य के कई वरिष्ठ नेताओं को उच्च सदन में जाने का अवसर मिल सकता था। हालांकि, इन दोनों नेताओं की हार के बाद यह राजनीतिक समीकरण फिलहाल बदल गया है और संभावित अवसर अब टल गए हैं।
राज्य में लंबे समय से सक्रिय कई वरिष्ठ नेता राज्यसभा सीटों के संभावित दावेदार माने जा रहे थे। इनमें नरोत्तम मिश्रा, अरविंद भदौरिया, के. पी. यादव और लाल सिंह आर्य जैसे बड़े नाम शामिल हैं। इन नेताओं को उम्मीद थी कि राज्यसभा की दो सीटें खाली होने पर पार्टी संगठन उन्हें उच्च सदन में भेजने पर विचार कर सकता है, लेकिन अब यह संभावना फिलहाल कमजोर हो गई है।
इन चुनावी परिणामों से भले ही राष्ट्रीय स्तर पर भाजपा की स्थिति पर बड़ा प्रभाव न पड़ा हो, लेकिन मध्य प्रदेश की आंतरिक राजनीति में इसका असर जरूर देखा जा रहा है। राज्य में कई वरिष्ठ नेता बिना किसी संगठनात्मक या सरकारी पद के सक्रिय हैं, और राज्यसभा को उनके लिए एक बड़ा अवसर माना जा रहा था। अब जबकि यह संभावित रिक्तियां नहीं बन सकीं। ऐसे में पार्टी के भीतर आने वाले समय में नए राजनीतिक समीकरण बन सकते हैं और नेतृत्व स्तर पर संतुलन की नई रणनीति देखने को मिल सकती है।
मध्य प्रदेश से राज्यसभा सांसद और केंद्रीय राज्य मंत्री जॉर्ज कुरियन को भाजपा ने केरल की कांजीरापल्ली विधानसभा सीट से चुनावी मैदान में उतारा था, लेकिन उन्हें 29,662 वोटों से हार का सामना करना पड़ा और वह तीसरे नंबर पर रहे। इधर राज्यसभा MP उच्च केंद्रीय राज्य मंत्री एल. मुरुगन तमिलनाडु की अविनाशी (SC) सीट से TVK के उम्मीदवार कमाली एस. ने 15373 वोटों से हरा दिया।