

How To Make Gud Ki Chai: गुड़ का सेवन सेहतमंद माना जाता है, जो न सिर्फ मीठा स्वाद देता है बल्कि कई तरह के औषधीय गुणों से भरपूर होता है। गुड़ की चाय शरीर को गर्म रखने, एनर्जी देने और रोगों से लड़ने में मदद करती है।
गुड़ में भरपूर मात्रा में आयरन होता है, जो हीमोग्लोबिन को बढ़ाता है। एनीमिया से जूझ रहे लोगों को यह चाय रोज सुबह या दोपहर में पीनी चाहिए ताकि खून की कमी दूर हो और शरीर में ऊर्जा बनी रहे।
गुड़ पाचन दुरुस्त रखता है, जिससे कब्ज और गैस जैसी समस्याएं दूर रहती हैं।
इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स और मिनरल्स बदलते मौसम में होने वाले सर्दी-जुकाम से बचाते हैं।
गुड़ आयरन का नेचुरल सोर्स है, जो शरीर में खून की कमी को पूरा करता है। एक मुठ्ठी चना व गुड़ी रोजाना खाने से शरीर को आयरन मिलता है, जिससे हीमोग्लोबिन बढ़ता है।
गुड़ बॉडी डिटॉक्स में भी हेल्प करता है। यह शरीर और लिवर से हानिकारक टॉक्सिन्स को बाहर निकालने में मदद करता है।
चीनी की तुलना में गुड़ शरीर को लंबे समय तक एनर्जी देता है और शरीर को अंदर से गर्म रखता है। इसलिए बारिश के मौसम में गुड़ की चाय आपको उर्जावान रखने में मदद करेगी।
चाय बनाने के लिए आपको सबसे पहले पानी को उबालना होगा। एक बर्तन में एक कप पानी रखकर उबलने के लिए रख दीजिए। जब तक पानी उबल रहा है, आप मसाला तैयार कर लें। इसके लिए ओखली में तुलसी के पत्ते, काली मिर्च, हरी इलायची और अदरक का टुकड़ा डालकर अच्छी तरह कूट लें। यह मसाला चाय में गर्माहट और बेहतरीन स्वाद देगा।
जब पानी उबल जाए तो उसमें सभी सामग्री डालने का समय आ जाता है। आपको गुड़, चाय पत्ती और कुटा हुआ मसाला डालना है। यहां लोग गलती करते हैं कि तुरंत दूध डाल देते हैं और गुड़ को पकने नहीं देते हैं। गुड़ को अच्छी तरह से मेल्ट होने दें और उबाल आना भी बहुत जरूरी होता है।
ठंडा दूध डालने से चाय का तापमान एकदम से कम हो जाता है और चाय फट जाती है। ऐसे में दूसरे गैस पर बर्तन रखें और एक कप दूध को गर्म कर लें। आपको उबाल आने तक दूध गर्म करना है, उसके बाद चाय में दूध डाल दें। गर्म दूध डालने से तुरंत ही उबाल आने लग जाएगा । 2 मिनट तक उबालने के बाद चाय को छान सकते हैं। कड़क चाय चाहिए तो 3 से 4 मिनट के लिए उबाल सकते हैं। इतना उबालने के बाद भी चाय नहीं फटेगी।