Good Parenting के अनमोल टिप्स, छोटे बच्चों को पढ़ाई के साथ ये 5 बातें जरूर सिखाएं
एक बच्चे को उसके जीवन में कामयाब बनाने के लिए उसे बचपन से ही बहुत सी चीजों को सिखाना पड़ता हैं। ये चीजें उन्हें न सिर्फ एक अच्छा इंसान बनाती हैं, बल्कि जिंदगी की मुश्किलों का सामना करने में भी मदद करती हैं।
- Written By: सीमा कुमारी
छोटे बच्चों को जरूर सिखाने चाहिए ये काम,( सौ.सोशल मीडिया)
Parenting Tips:हम सब जानते हैं कि पढ़ाई बच्चों के लिए कितनी जरूरी हैं। लेकिन, शुरूआत अक्सर ही पढ़ाई-लिखाई यानी ABC और कखग से ही की जाती है जबकि ऐसे बहुत से काम हैं जो बच्चों को कम उम्र से ही सिखाए जा सकते हैं। आज हम 5 ऐसी जरूरी चीजों के बारे में बात करेंगे जो हर बच्चे को सीखनी चाहिए। ये चीजें उन्हें न सिर्फ एक अच्छा इंसान बनाती हैं, बल्कि जिंदगी की मुश्किलों का सामना करने में भी मदद करती हैं। आइए यहां जानिए वो कौनसे काम हैं जो बच्चों को कम उम्र से ही सिखाए जा सकते हैं।
छोटे बच्चों को जरूर सिखाने चाहिए ये काम
शरीर के अंग और उनके नाम
सम्बंधित ख़बरें
Aaj Ka Rashifal 11 June 2026: मिथुन और मीन राशि वालों को मिलेगी बड़ी खुशखबरी, जानें अपनी राशि का हाल
SKNL बैंक फ्रॉड केस में ED का बड़ा एक्शन, रायगढ़ में 60 करोड़ की संपत्ति जब्त; क्या है पूरा मामला?
‘भाजपा को शासन नहीं, खुद की सत्ता प्यारी है’, मोदी सरकार के 12 साल पूरे होने पर कांग्रेस का हमला
TMC- कांग्रेस विलय की अटकलों पर RJD का बड़ा बयान, कहा- ममता दीदी को कमजोर समझना भूल होगी..
छोटे बच्चों को पढ़ाई-लिखाई के अलावा, बच्चों को कम उम्र से ही शरीर के अंगों (Body Parts) के नामों के बारे में बताया जाना बेहद जरूरी हैं। बच्चों को अगर कोई तकलीफ भी होगी तो वह सही तरह से अपनी तकलीफ के बारे में बता पाएंगे। इसके अलावा, बच्चों को सही और गलत टच के बारे में समझाएं।
सुरक्षा के बारे में भी सिखाएं
बच्चों को यह सिखाना जरूरी है कि खुद को सुरक्षित कैसे रहा जाता है। बच्चों को बताएं कि नुकीली चीजों से चोट लगती है इसीलिए नुकीली चीजों से बचकर रहें, गली में बाहर ना निकलने और पब्लिक प्लेसेस पर किन लोगों से दूर रहना है यह भी बताना न भूले।
कहना सिखाएं थैंक्यू और सॉरी
बच्चों को यह सिखाया जाना जरूरी है कि जब कोई मदद करे तो उसे थैंक्यू और जब कोई गलती हो तो उनसे सॉरी कहा जाना जरूरी है। इस तरह बच्चे उदारता (Kindness) का भाव भी सीखते हैं।
इमोशंस यानी भावनाओं के बारे में
जानकारों की मानें तो, दुख, खुशी और गुस्से जैसे इमोशंस यानी भावनाओं के बारे में बच्चों को जरूर सिखाएं जब उन्हें जिस तरह का इमोशन फील हो उसके बारे में बच्चे सही तरह से एक्सप्रेस कर पाएं।
लाइफस्टाइल की अन्य खबरें पढ़ने के लिए यहां पर क्लिक करें
अपनी छोटी-मोटी जरूरतों के बारे में
माना पिता बच्चों को ये भी सिखाएं कि किस तरह अपनी छोटी-मोटी जरूरतों के बारे में बात करना जरूरी है। बच्चों को बताएं कि जब प्यास लगे या भूख लगे तो क्या कहना चाहिए और जब पेट भर जाए तो कैसे बताना चाहिए।
