

नवभारत डिजिटल डेस्क: अप्रैल महीना चल रहा है इस मौसम में गर्मी का तापमान तेज देखने के लिए मिलता है। गर्मी के मौसम में भी मच्छरों का आतंक देखने के लिए मिलता है। बात बारिश की हो तो मच्छरों की तादाद बढ़ जाती है। बारिश के मौसम में मच्छरों के काटने से फैलने वाली बीमारी डेंगू और मलेरिया के मामले मिलने लगते है। अगर आप इन बीमारियों के खतरे से बचना चाहते है तो आपको अप्रैल के महीने से ही मच्छरों से निपटने की तैयारी कर लेनी चाहिए।डेंगू से हर साल बहुत बहुत सारे लोग प्रभावित होते हैं. ये भले ही एक से दूसरे में नहीं फैलता है, लेकिन ये जिस भी व्यक्ति को होता है इसमें गंभीर लक्षण दिखाई देते हैं और कई बार ये जानलेवा भी हो जाता है।
यहां पर मानसून के आने से पहले आप अगर कुछ तैयारी कर लेते है तो आपको फायदा मिलता है और मच्छरों से फैलने वाली गंभीर बीमारियों का खतरा नहीं सताता है।
1- आप यहां पर बरसात में फैलने वाली बीमारियों से अपने शरीर का बचाव करना चाहती है तो, पानी की टंकी को हमेशा ढककर रखें और समय-समय पर इसे साफ करते रहें। वहीं पर आुप गर्मी के मौसम में कूलर का इस्तेमाल करते हैं तो आपको कूलर का पानी चेंज करते रहना चाहिए। कई बार गमले में भरा पानी भी ज्यादा दिन का हो जाए तो इससे बीमारियां बढ़ने का खतरा सताता है।
2- बारिश के मौसम आने से पहले गर्मी में ही आपको साफ-सफाई पर ध्यान देना चाहिए। गर्मी में मच्छर की तादाद कम होती है लेकिन अगर आप बारिश में इनकी तादाद को काबू में लाना चाहते है तो, घर के खिड़की और दरवाजों पर महीन जाली लगवा लें. इससे हवा का प्रवाह भी बना रहेगा और घर में मच्छर आने की संभावना भी काफी कम हो जाएगी।
3-मच्छरों के बढ़ने की समस्या से बचने के लिए आपको घर के आसपास कीटनाशकों से छिड़काव करते रहना चाहिए। अगर बारिश आने पर नमी भी आती है तो मच्छर पनपने की संभावना काफी कम हो जाती है।
4- कई बीमारियों से लड़ने के लिए आपके शरीर में इम्यूनिटी पावर बूस्ट होना चाहिए। डेंगू-मलेरिया जैसी बीमारियों के खतरे से बचने के लिए आप गर्मियों में ही इम्यूनिटी बूस्ट डोज लेते रहे। इसके लिए आप तुलसी के पत्तों का रस पीना, विटामिन सी रिच फूड्स का सेवन करना, मौसमी फलों और सब्जियों को डाइट में जगह देना सही रहता है।
5-गर्मी में ही आप बच्चों को कई बीमारियों से बचाने के लिए उपाय करते रहे। यहां पर बच्चों की इम्यूनिटी वीक होती है और उन्हें हर बीमारी तेजी से प्रभावित करती है. बच्चों को स्कूल भेज रहे हैं या फिर बाहर खेलने जा रहे हैं तो मच्छरों से बचाने के लिए हाथ-पैरों पर लोशन लगाकर भेजें।