बसंत पंचमी के दिन अगर आपने रखा है व्रत, तो गलती से भी न करें ये काम
- Written By: नवभारत डेस्क
बसंत पंचमी 2024 (फाइल फोटो)
-सीमा कुमारी
इस वर्ष ‘बसंत पंचमी’ (Vasant Panchami) का पावन त्योहार 5 फरवरी को मनाया जाएगा। इस तिथि का धार्मिक महत्व बहुत ज्यादा है। मान्यता है कि, इस दिन ‘मां सरस्वती’ (Maa Saraswati) प्रकट हुई थीं। इस दिन विद्या की देवी ‘मां सरस्वती’ की पूजा-अर्चना की जाती है। शास्त्रों के अनुसार, वसंत पंचमी के दिन कुछ बातों का खास ख्याल रखा जाना बेहद जरूरी हो जाता है। तो आइए जानें-
शास्त्रों के अनुसार, ज्ञान के बिना व्यक्ति का जीवन अंधकारमय होता है और मां सरस्वती ज्ञान की देवी हैं। इस दिन मां सरस्वती की विधि-विधान से पूजा होती है। इसलिए इस दिन जातकों को सात्विक जीवन व्यतीत करना चाहिए और मांस-मदिरा के सेवन से दूर रहना चाहिए।
सम्बंधित ख़बरें
बसंत पंचमी पर क्यों होती है कामदेव–रति की पूजा? वजह जानकर रह जाएंगे हैरान!
आज बसंत पंचमी पर अपनी राशि के अनुसार करें ये उपाय, खुल सकती है किस्मत
बसंत पंचमी के दिन क्यों किया जाता है भगवान शिव का तिलक, जानिए क्या होती हैं रस्में
आज बसंत पंचमी के अवसर पर इनमें से कोई भी एक वस्तु 1 ले आएं घर, साल भर बनी रहेगी माता सरस्वती की कृपा
धार्मिक दृष्टि से ‘वसंत पंचमी’ का पर्व बेहद ही महत्व है। यह पर्व ज्ञान और सुरों की देवी मां सरस्वती को समर्पित है। इसलिए वसंत पंचमी के दिन बिना स्नान किए भोजन नहीं करना चाहिए, संभव हो तो इस दिन मां सरस्वती के लिए व्रत रखें।
‘बसंत पंचमी’ के दिन काले रंग के वस्त्र पहनने की भूल न करें। काला रंग नकारात्मकता को दर्शाता है। ‘माता सरस्वती’ की पूजा में पीले रंग के वस्त्र पहनना शुभ माना जाता है।
शास्त्रों के अनुसार, इस दिन किसी भी शुभ कार्य को किया जा सकता है। अगर किसी की शादी का मुहूर्त नहीं निकल पा रहा है, तो वो वसंत पंचमी के दिन विवाह कर सकते हैं।
कहा जाता है कि, इस दिन पेड़-पौधों को भी नहीं काटना चाहिए। क्योंकि इस दिन प्रकृति में बसंत ऋतु का सुंदर और नवीन वातावरण छा जाता है।
ज्योतिष-शास्त्र के मुताबिक, इस दिन अपने मन में किसी भी तरह के बुरे विचार नहीं लाने चाहिए। इस दिन मां सरस्वती का ध्यान करना चाहिए जिससे उनका आशीर्वाद प्राप्त होता है।
